चंडीगढ़। पंजाब यूनिवर्सिटी के हॉस्टलों में बाहरी छात्र के रुकने की शिकायतें फिर पीयू प्रशासन के पास पहुंची हैं। इन छात्रों की जांच कर इन्हें बाहर का रास्ता दिखाने की मांग की गई है। ये छात्र शिक्षकों के आवासों के बाहर भी रात को चक्कर लगा रहे हैं। इससे सुरक्षा को खतरा हो ही रहा और कोई अनहोनी भी हो सकती है। गेट पर बाहरी छात्रों को प्रवेश न देने की भी मांग की गई है।
पीयू में 20 हॉस्टल हैं, लेकिन कोरोना के कारण अधिकांश छात्र अपने अपने घरों को चले गए हैं। लगभग 140 स्टूडेंट पीयू के रुके हुए हैं। इनके लिए दो मेस संचालित की जा रही हैं ताकि खाने की व्यवस्था आदि हो सके। कुछ शिक्षक भी मेस आदि में भ्रमण के लिए निकले। सूत्रों का कहना है कि वहां देखा कि कुछ छात्र बाहरी हैं, जो खाना खा रहे हैं। साथ ही जानकारी मिली कि वह हॉस्टलों में रह भी रहे हैं। इसकी सूचना उच्च अधिकारियों को दी गई। अब अधिकारी कभी भी हॉस्टलों का औचक निरीक्षण कर सकते हैं। हालांकि पहले वार्डनों से सूचना मांगी जा रही है कि वह यह बताएं कि उनके यहां कोई बाहरी छात्र तो नहीं है। पहली शिकायत पर कार्रवाई नहीं हो पाई तो शिक्षकों ने फिर जिम्मेदारों को अवगत कराया है। अब पीयू प्रशासन वार्डन के जरिये जांच कराने की योजना बना रहा है।