उमर उजाला टीम ने वहां ट्रैक के पास मिली कुछ दवाओं की खाली वेस्ट को लेकर एक्सपर्ट डॉक्टर को दिखाया, जिनके बारे में उन्होंने बताया कि ये इंजेक्शन ताकत बढ़ाने और एकदम चुस्ती स्फूर्ति बढ़ाने के लिए किए जाते हैं, जो खाली टीके थे उनमें विटामिन-सी, मेल हार्मोन टेस्टेस्टेरोन, प्रोटीन इंजेक्शन, स्टेरॉइड्स के अलावा दो टीके विदेशी मिले, जिन पर साल्ट तक नहीं लिखा था।
हृदय घात से अपाहिज तक कर सकती है यह लापरवाही: डॉक्टर
नागरिक अस्पताल के डॉ. शैलेंद्र डोगरा के अनुसार ऐसे इंजेक्शन बिना सलाह के इस्तेमाल करना जान जोखिम में डालने से कम नहीं है। इनमें एक इंजेक्शन मेल हार्मोन टेस्टोस्टेरोन है, जिसको मर्दाना ताकत बढ़ाने के लिए उपयोग किया जाता है। एथलीट को इसका उपयोग न करने की सलाह दी जाती है, लेकिन यह ट्रैक पर मिलना सवालिया निशान खड़े करता है।
इस इंजेक्शन को साधारण व्यक्ति भी उपयोग नहीं कर सकता। केवल डॉक्टर की सलाह पर लिया जा सकता है और डॉक्टर के हस्ताक्षर के बाद ही बेचा जा सकता है। इसके अलावा शारीरिक आराम, चुस्ती-फुर्ती ताकत के लिए उपयोग होने वाले खिलाड़ियों के लिए वर्जित दवा वहां पर मिली। एक्सपर्ट के अनुसार ये सब दवाएं एक साधारण आदमी उपयोग करे तो शरीर का कोई भी हिस्सा खराब हो सकता है। दिल, गुर्दे, दिमाग, आंख, हृदय, रक्त चाप व रिएक्शन कर सकता है। किसी की भी जान ले सकता है।
जिस जगह पर लोग सिरिंज का उपयोग कर रहे हैं वह बिल्कुल असुरक्षित है। एक्सपर्ट का कहना है कि जिस बाथरूम या फिर धूल भरे क्षेत्र में सिरिंज के संक्रमित होने का भय रहता है। इसके अलावा अगर खुद सिरिंज लगा रहे हैं और नहीं पता कि दवा मास में लगानी है या नस में तो कोई भी गलत उपयोग कर सकता है। अनट्रेंड होने के कारण नस क्रॉस भी हो सकती है। जिसके बुरे परिणाम निकलने तय हैं।
अभिभावकों से भी अपील
एक्सपर्ट की ओर से अभिभावकों से अपील की गई है कि अपने बच्चों इस उम्र में विशेष ध्यान रखना चाहिए। लोगों को ध्यान देना चाहिए कि वे कामयाबी के लिए छोटा रास्ता तो नहीं तलाश रहे हैं, जो उनके जीवन के लिए घातक सिद्ध हो सकता है।
खिलाड़ी नहीं बन सकते इन इंजेक्शन का इस्तेताल करने वाले
एक्सपर्ट का कहना है कि इन इंजेक्शन का उपयोग करने पर डोप टेस्ट में फेल हो जाते हैं। जिस कारण इनका उपयोग करने वाले युवक कभी खिलाड़ी भी नहीं बन पाएंगे।
प्रतिबंधित दवाओं को उपयोग करने वाले मेडिकल में हो जाएंगे फेल
कर्नल रतनदीप खान ने बताया कि जो किसी भी प्रकार के ड्रग्स या फिर प्रतिबंधित दवाओं का उपयोग करेगा वह फिजिकल तो पास कर सकता है, लेकिन मेडिकल पास करना संभव नहीं है। स्पेशल डॉक्टर्स की टीम जोकि डॉप टेस्ट करके उनको बाहर निकाल देगी। डोप टेस्ट में फेल होने पर अभ्यर्थी आगे के लिए भी भर्ती में भाग लेने के लिए प्रतिबंधित हो जाएगा।