लुधियाना से आईएएस का सफर शुरू करने वालीं आईएएस अधिकारी सुरभि मलिक को लुधियाना का नया डीसी बनाया गया है। बुधवार की दोपहर सुरभि मलिक ने अपना पदभार संभाल लिया है। आप की सरकार आने के बाद महानगर को पहली महिला डीसी मिली। नवनियुक्त डीसी सुरभि मलिक नगर निगम में बतौर एडिशनल कमिश्नर लंबे समय तक काम कर चुकी हैं। इससे पहले लुधियाना में एडीसी डेवलपमेंट के तौर पर भी अपनी सेवाएं दे चुकी हैं। ऐसे में लुधियाना जिले को वह पहले से जानती हैं और उन्हें यहां काम करने में किसी तरह की दिक्कत नहीं होगी।
पदभार संभालने से पहले उन्हें प्रशासन की तरफ से गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया और दफ्तर में पूर्व डीसी वरिंदर शर्मा ने गुलदस्ता देकर स्वागत किया। उसके बाद वह अधिकारियों से मुलाकात करने गईं। नवनियुक्त डिप्टी कमिश्नर सुरभि मलिक ने कहा कि प्रशासन लोगों के लिए है और इसे सरल बनाया जाएगा।
लुधियाना उनके लिए नया नहीं है यहीं से कॅरिअर की शुरुआत की है। उसके बाद लुधियाना ग्रामीण क्षेत्र में कई योजनाओं पर काम कर चुकी हैं। शहर को अच्छे से समझती हैं क्योंकि नगर निगम में काम कर चुकी हैं। लुधियाना की पहली महिला डीसी होने पर उन्हें मान है। उन्होंने कहा कि वे विश्वास दिलाती हैं कि लुधियाना को बेहतरीन जिला बनाने में कोई कोई कसर नही छोड़ेंगी। उन्होंने कहा कि मुझसे पहले वरिंदर शर्मा डीसी थे उनकी लोगों में एक अच्छी इमेज है और वह फील्ड में काम करने के लिए जाने जाते हैं। उनकी तरह काम करने की कोशिश करूंगी।
वरिंदर शर्मा ने कोविड में किया लोगों के लिए बेहतरीन काम
वरिंदर शर्मा ने जून 2020 में लुधियाना के डिप्टी कमिश्नर का चार्ज संभाला। तब पूरा देश कोविड महामारी से जूझ रहा था और लुधियाना जिला भी उससे अछूता नहीं था। शर्मा ने कोविड प्रबंधन में बेहतरीन काम किया और जिले में मेडिकल सुविधाओं की कमी आने नहीं दी। यही नहीं दूसरी लहर में जब पूरा देश ऑक्सीजन की कमी से जूझ रहा था तो वरिंदर शर्मा ने कुशल प्रबंधन के चलते लुधियाना के सभी अस्पतालों में निर्विघ्न ऑक्सीजन सप्लाई दी।
इसके साथ ही अन्य जिलों को भी ऑक्सीजन उपलब्ध करवाई। वरिंदर शर्मा ने निजी कंपनियों के ऑक्सीजन प्लांटों में से ऑक्सीजन की सप्लाई करवाई। उन्होंने कोविड में जहां लोगों को राशन व अन्य सुविधाएं उपलब्ध करवाई वहीं सख्ती के साथ पेश आकर जिले को कोविड के प्रकोप से बचाया। डीसी के प्रयासों से लुधियाना जिले के बड़े अस्पतालों में ऑक्सीजन प्लांट लग सके।