पंजाब के कैबिनेट मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया द्वारा गुरवाणी के पवित्र शबद से छेड़छाड़ कर धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुचाने के मामले में अदालत की ओर से उन्हें नोटिस जारी किया गया है।
सोमवार को ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट प्रदीप सिंगल की अदालत ने मजीठिया को 28 जुलाई को पेश होकर अपना जवाब दायर करने के आदेश दिए हैं।
इस संबंध में वकील मंदीप कौर ने मजीठिया द्वारा हाल ही में अमृतसर में भाजपा प्रत्याशी अरुण जेटली के समर्थन दिए गए भाषण का हवाला भी दिया है।
याचिका में मजीठिया के इस कृत्य को आईपीसी की धारा 295-ए का उल्लंघन बताते हुए उन्हें दंडित करने व उनके द्वारा अदालत में बिना शर्त माफी मांगे जाने की मांग की है।