पंजाब में मल्टीप्लेक्स में सिनेमा घर खोलने को दी जा रही एनओसी पर आपत्ति जताने वाली याचिका पर हाईकोर्ट की ओर से तलब की गई रिपोर्ट में चौकाने वाला खुलासा हुआ है।
पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में पेश रिपोर्ट में पता चला है कि राज्य के कुल 54 में से 23 सिनेमा घर मापदंडों पर खरे नहीं उतरे हैं। इस मामले में इलेट्रिक इंस्पेक्टर ने कई खामियां पाई हैं।
हालांकि सरकार ने सिनेमाघरों को यह खामियां दूर करने का निर्देश दे दिया है, लेकिन हाईकोर्ट ने स्थिति रिपोर्ट पेश करने को कहा है। संगरूर के काका राम ने मलेरकोटला और एक अन्य शहर के रिहायशी क्षेत्र में मल्टीप्लेक्स में सिनेमाघर के लिए एनओसी देने को गलत ठहराया था।
कहा था कि यदि कोई आगजनी जैसी अप्रिय घटना हो जाए तो निकलने को रास्ता ही नहीं है। उनकी याचिका पर हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार से सिनेमाघरों की रिपोर्ट तलब की थी।
पंजाब सरकार के अंडर सेक्रेटरी हरचंद सिंह ने शपथ पत्र के माध्यम से हाईकोर्ट को अवगत कराया। बताया कि राज्य में कुल 54 सिनेमाघर हैं।
जांच में पता चला है कि इनमें से 23 मापदंडों पर खरे नहीं उतरते। सबसे अधिक 11 सिनेमाघर लुधियाना में हैं, जहां अनियमितताएं पाई गई हैं।
इसके अलावा कपूरथला, मोगा और रोपड़ में दो-दो व जालंधर, राजपुरा, गुरदासपुर, संगरूर, मलेरकोटला व खन्ना में एक-एक सिनेमाघर ऐसे हैं, जहां व्यवस्था सही नहीं है।
इन सभी सिनेमाघरों की जांच इलेक्ट्रिक इंस्पेक्टरों से कराई गई। इसके बाद सिनेमाघरों को अनियमितताएं दूर करने का निर्देश दे दिया गया है।