चंडीगढ़ प्रशासक के सलाहकार और खाद्य आपूर्ति विभाग के सचिव की रोक के बावजूद रविवार को धनास में लोगों को खराब गेहूं बांट दिया गया। लोगों ने हंगामा किया तो भाजपा चंडीगढ़ के महामंत्री रामवीर भट्टी मौके पर पहुंचे और प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना (पीएमजीकेएवाई) के तहत बांटे गए खराब गेहूं की बोरी को गाड़ी में रखकर औद्योगिक क्षेत्र फेज-1 स्थित मिल पर लेकर पहुंचे, जहां से इसका वितरण किया गया था। इस बीच मेयर रविकांत शर्मा भी पहुंच गए।
सूचना पर खाद्य आपूर्ति विभाग के सचिव विनोद पी कावले और डायरेक्टर तेजदीप सैनी भी निरीक्षकों के साथ मौके पर पहुंच गए। अचानक हुई छापामारी से मिल में हड़कंप मच गया। मौके पर मिल संचालक को बुलाया गया, जिसने बताया कि नए गेहूं की बोरियों के साथ गलती से खराब गेहूं की बोरियां भी चली गई थीं। इस पर सचिव ने तत्काल अपने सामने ही खराब गेहूं के पूरे स्टॉक को ट्रक में लदवाकर वापस भिजवा दिया। प्रशासक के सलाहकार धर्मपाल ने भी मामले की पूरी जानकारी ली और व्यवस्था को दुरुस्त करने के निर्देश दिए।
रामवीर भट्टी ने बताया कि दोपहर में सूचना मिली कि धनास में प्रशासन की ओर से फिर खराब गेहूं बांटा गया है। लोग हंगामा कर रहे हैं। वह भाजपा नेता गोपला शुक्ला के साथ मौके पर पहुंचे तो पता चला लोगों को फिर खराब गेहूं बांट दिया गया है जबकि प्रशासक के सलाहकार ने खराब गेहूं को लौटाने के आदेश दिए थे और मामले की जांच की जा रही है। भट्टी ने मौके से खराब गेहूं की एक बोरी उठाई और अपनी गाड़ी में रख ली। साथ ही मेयर को फोन पर सूचना दी। खाद्य आपूर्ति विभाग के अधिकारियों को भी आने को कहा। सब लोग मिल पहुंचे और संचालक को मौके पर बुलाया।
यहां भाजपा नेताओं ने देखा कि एफसीआई से आए 50-50 किलो के गेहूं की बोरी को खोलकर 25-25 किलो की बोरियों में भरा जा रहा था। गेहूं के काफी बोरे पीछे पड़े थे। पूछने पर संचालक ने बताया कि यहां खराब गेहूं रखा है, जो वापस जाना है। तब पता चला कि आज बंटने वाले अच्छे गेहूं की बोरियों में खराब गेहूं की बोरियों को भी मिलाकर यहीं से बांटने के लिए भेजा गया था। सचिव विनोद पी कावले ने संचालक को फटकार लगाते हुए कहा कि खराब गेहूं अब तक वापस क्यों नहीं गया। इसके बाद सचिव ने अपने सामने ही खराब गेहूं को ट्रक में लदवाया और वापस भेजा। उसके बाद नए गेहूं की जांच की। इस पर सभी ने सहमति जताई। सचिव ने कहा कि दोषी निरीक्षकों को कारण बताओ नोटिस जारी किया जा रहा है।
अब पार्षदों की देखरेख में बंटेगा गेहूं
खाद्य आपूर्ति विभाग के सचिव सोमवार को सभी पार्षदों के साथ बैठक करेंगे। इस दौरान गेहूं वितरण व्यवस्था को बेहतर करने के लिए पार्षदों से सुझाव मांगेंगे। साथ ही पार्षदों की निगरानी में ही अब गेहूं बांटने की व्यवस्था की जाएगी। सचिव ने कहा कि इस दौरान निरीक्षकों की भी जिम्मेदारी तय कर दी जाएगी ताकि किसी स्तर पर कोई लापरवाही न हो।
पांच सितंबर तक बंटा गेहूं होगा वापस
भाजपा नेताओं ने कहा कि अब तक बांटा गया गेहूं काफी खराब है। कुछ लोगों ने तो उसे फेंक भी दिया है जबकि कुछ लोगों के घर में अब भी खराब गेहूं पड़ा है। हमारी मांग है कि सभी को अच्छी गुणवत्ता वाला ही गेहूं मिले, लेकिन अब तक सभी लोगों को इसका लाभ नहीं मिल पाया है। इस पर प्रशासक के सलाहकार से बात कर सचिव ने आश्वासन दिया कि 5 सितंबर तक बांटा गया गेहूं वापस लिया जाएगा।
खुले में गेहूं डालकर, सामने बोरों में भरकर गेहूं देने की योजना
सचिव ने भाजपा नेताओं को सुझाव दिया कि गेहूं को खुले में रखवाकर सबके सामने ही तौलकर बांटा जा सकता है। इससे समस्या ही खत्म हो जाएगी। लोग अपना थैला या बोरा लेकर आएंगे। इस पर भाजपा नेताओं ने कहा कि बोरा लोग क्यों लाएंगे। विभाग अपने बोरे में ही गेहूं भरकर दे। इस पर आगामी बैठक में चर्चा करने की बात कही गई।
भाजपा नेताओं की ओर से खराब गेहूं बांटे जाने की जानकारी मिली थी। मौके पर अफसरों को भेजकर नए पैकेट खोलकर दिखवाए गए हैं। कुछ असमंजस के कारण पुराना गेहूं बंटने के लिए चला गया था। अब पुराने गेहूं को भी अफसरों ने अपने सामने वापस भिजवा दिया है।
-धर्मपाल, सलाहकार, यूटी प्रशासन
हमारा उद्देश्य है कि सभी लोगों को अच्छा अनाज मिले। आज मिल में पुराना अनाज मिला, जिसे तत्काल वापस कराया गया। जिन लोगों को खराब अनाज मिला है, वह वापस कर सकेंगे। इसके लिए सचिव ने सोमवार को बैठक बुलाई है।
-रामवीर भट्टी, महामंत्री, चंडीगढ़ भाजपा