चंडीगढ़। पंजाब यूनिवर्सिटी व उससे संबद्ध कॉलेजों के शिक्षकों ने अंतिम वर्ष के छात्रों की कॉपियां चेक करना शुरू कर दीं। शिक्षकों का मानना है कि अंतिम वर्ष के छात्रों को दूसरे शिक्षण संस्थानों में दाखिला लेना होता है। कॉपियां समय पर चेक नहीं होने से उन्हें परेशानी होंगी। इसी को देखते हुए मूल्यांकन शुरू किया। प्रथम व द्वितीय वर्ष के छात्रों की कॉपियां शिक्षक फिलहाल चेक नहीं करेंगे। इसके लिए शिक्षण संस्थानों को रास्ता निकालना होगा।
पीयू व कॉलेजों के शिक्षक कई दिन से मूल्यांकन का बहिष्कार कर रहे हैं। उनकी मांग है कि छठे वेतनमान का लाभ यूजीसी स्केल के मुताबिक पंजाब सरकार दे। अब तक कोई सकारात्मक परिणाम नहीं निकले हैं, क्योंकि पंजाब सरकार इस समय खुद ही में उलझी हुई है। शिक्षक नेता जगवंत सिंह का कहना है कि सरकार को शिक्षकों की मांगों को पूरा करना होगा। 15 दिन तक मूल्यांकन बहिष्कार होगा। उसके बाद शिक्षक आगे की रणनीति बनाएंगे। अंतिम वर्ष के छात्रों को परेशानी न हो, इसलिए उनकी कॉपियां चेक होना शुरू हो गई हैं।