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यहां अपने ही कर रहे हैं पवन बंसल का विरोध

Tue, 25 Mar 2014 01:27 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
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कांग्रेस में भी गुटबाजी हावी है। लोकसभा चुनाव के प्रचार के दौरान कांग्रेस पार्टी के अनुसूचित जाति प्रकोष्ट के प्रदेश अध्यक्ष राजिंद्र मकवाना ने सांसद पवन बंसल के खिलाफ नाराजगी जाहिर करते हुए पार्टी से त्याग पत्र दे दिया है।
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राजिंद्र मकवाना का कहना है कि सांसद पवन बंसल को पार्टी को फिर से उम्मीदवार नहीं बनाया जाना चाहिए। उन्होंने बताया कि पिछले 15 साल से बंसल शहर के सांसद है, लेकिन उन्होंने दलित समाज के लिए कुछ नहीं किया।

मकवाना ने सेक्टर-27 के प्रेस क्लब में वार्ता करते हुए कहा कि इस बार दलित समाज का वोट बंसल को नहीं मिलेगा। बंसल को हरवाने के लिए काम किया जाएगा। मकवाना ने बताया कि उन्होंने कई बार बंसल को अनुसूचित समाज से संबंधित समस्याओं के विषय में अवगत करवाया, लेकिन हर बार मीठी गोली दे दी गई।
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उन्होंने कहा कि कांग्रेस के कई और नेता भी बंसल से परेशान हैं, लेकिन उनकी मजबूरी है कि वह पार्टी के लिए मायूस होकर प्रचार कर रहे हैं। मकवाना ने बताया कि जल्द ही वह शहर के सभी दलित समाज के अन्य सगठनों की बैठक बुलाएंगे और बंसल के खिलाफ मतदान करने के लिए अभियान चलाने का निर्णय लिया जाएगा।

मकवाना ने दावा किया शहर में दो लाख वोट दलित समाज के हैं। उधर, कांग्रेस अध्यक्ष बीबी बहल का कहना है कि जब से मकवाना को अनुसूचित जाति प्रकोष्ट का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है तब से वह नहीं दिखाई दिए। उन्होंने कहा कि बंसल ही दलित समाज के लोगों की समस्याएं दूर करेंगे।

अनुसूचित जाति के लोगों के नहीं बन पा रहे प्रमाणपत्र
मकवाना ने बताया कि इस समय सबसे ज्यादा परेशानी यह है कि अनुसूचित जाति के लोगों के नए प्रमाणपत्र नहीं बन रहे है। उन्होंने कहा कि बंसल से कई बार यह मांग की जा चुकी है। इसके साथ ही स्थायी सफाई कर्मचारियों की नई भरती काफी सालों से बंद है।

उन्होंने बताया कि समाज के बच्चों को नौकरी भी नहीं मिल रही है। सरकारी कर्मचारियों में एससी जाति के लिए आरक्षित खाली पड़े पदों को नही भरा गया है।

जेटली काहे के वकील
अरुण जेटली द्वारा सोनिया गांधी को विदेशी कहने पर जिला कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष नरेश मल्होत्रा ने टिप्पणी करते हुए कहा है कि जो विदेशी पांच साल भारत में रह जाए उसे देश की नागरिता मिल जाती है।

उन्होंने कहा कि अरुण जेटली सीनियर वकील होने का दावा करते है इसके बावजूद उन्हें इस कानून का ज्ञान नहीं है। मल्होत्रा ने कहा कि सोनिया गांधी को भारत में रहते हुए 40 साल से ज्यादा समय हो गया है।
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उधर, युवा कांग्रेस के उपाध्यक्ष हरमेल केसरी का कहना है कि अरुण जेटली अमृतसर की सीट हार रहे है इसलिए बौखलाट में ऐसे बयान दे रहे हैं।
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