राजपुरा में अपने घर से पानी निकालता व्यक्ति।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने भरोआणा में पानी की निकासी को बाधित किया है, उनके खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। लोगों ने बताया कि कुतबीवाल, गिद्दड़पिंडी, वाड़ा जोध सिंह, किल्लीवाड़ा, वाटावाली कलां, वाटावाली खुर्द, सेखां मंगा, नल्ल, मंडला, भरोआणा समेत तीन दर्जन से अधिक गांवों की 25 हजार एकड़ धान की फसल पानी में डूब गई है।
लोगों ने बताया कि अगर दो-तीन दिनों तक खेतों से पानी नहीं निकला तो धान की फसल बर्बाद हो जाएगी। डीसी जालंधर विशेष सारंगल और डीसी कपूरथला कैप्टन करनैल सिंह ने अपने-अपने जिलों के सभी अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर खेतों से पानी निकालने का निर्देश दिया है।
गांव भलूर में बारिश से सड़क टूटी
उधर, मोगा जिले के गांव भलूर में बारिश के पानी के कारण प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत बनी सड़क टूट गई। सड़क टूटने से मोगा और फरीदकोट के लोगों का आपसी लिंक टूट गया है। वहीं करीब गांवों का संपर्क भी कट गया है। मौके पर लोगों ने बताया कि शनिवार शाम चार बजे के करीब तेज बारिश के कारण पानी बहुत ज्यादा होने के कारण सड़क टूट गई। बताया जा रहा है कि सड़क टूटने से करीब 2500 एकड़ फसल जलमग्न हो गई है। किसानों ने सरकार से मुआवजा की मांग की है।
पटियाला में बाढ़ जैसे हालात, पीयू ने परीक्षाएं कीं स्थगित
पंजाबी यूनिवर्सिटी ने सोमवार को होने वाली परीक्षा स्थगित कर दी है। यूनिवर्सिटी कंट्रोलर (परीक्षा) दफ्तर से जारी पत्र के अनुसार पंजाब में बाढ़ के खतरे के मद्देनजर जारी अलर्ट व कुछ प्रबंधकीय कारणों के चलते सोमवार को होने वाली परीक्षा स्थगित की गई है। पत्र के मुताबिक पीयू की ओर से संशोधित डेटशीट यूनिवर्सिटी की वेबसाइट पर अपलोड की जाएगी। गौरतलब है कि पटियाला में बाढ़ जैसे हालात बने हैं। पटियाला की लाइफ लाइन कहे जानी वाली बड़ी नदी में पानी खतरे के निशान के नजदीक पहुंचने के कारण पास के इलाकों में रहने वाले लोगों को घरों को खाली करने का आदेश जारी किया गया है।