अपनी मांगों के प्रति सरकार के रवैये से नाराज पंजाब सिविल सचिवालय के कर्मचारियों ने मंगलवार को विरोध प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने सचिवालय के बाहर भीख मांगी और जमा राशि को वित्त मंत्री मनप्रीत सिंह बादल के दफ्तर में जमा करा दिया। इस विरोध प्रदर्शन में कर्मचारियों का नेतृत्व पंजाब सिविल सचिवालय स्टाफ एसोसिएशन के प्रधान और साझा मुलाजिम मंच के मुख्य कन्वीनर सुखचैन सिंह खैरा कर रहे थे।
इस अवसर पर कर्मचारियों को संबोधित करते हुए पंजाब सिविल सचिवालय स्टाफ एसोसिएशन के प्रधान सुखचैन सिंह खैरा ने कहा कि इतिहास में कभी भी ऐसा नहीं हुआ कि कर्मचारियों को महंगाई भत्ते के लिए सरकार के आगे इस तरह हाथ फैलाने पड़ रहे हैं और छठा वेतन आयोग तो पंजाब के कर्मचारियों के लिए सपना बनकर रह गया है। उन्होंने कहा कि सरकार ने कर्मचारियों की यह जायज मांगे तो क्या माननी, उलटे कर्मचारियों पर 200 रुपये प्रति माह का जजिया टैक्स और अब डोप टेस्ट थोप दिया गया है।
उन्होंने कहा कि कर्मचारियों को अब डोप टेस्ट के लिए 1500 रुपये खर्च करने पड़ेंगे जबकि इस टेस्ट से कुछ भी हासिल नहीं होगा। कर्मचारी नेताओं ने इस मौके पर समान काम समान वेतन और पुरानी पेंशन स्कीम लागू करने की मांगे भी उठाईं।
इस अवसर पर पंजाब सिविल सचिवालय आफिसर एसोसिएशन के प्रधान एनपी सिंह, पंजाब स्टेट मिनिस्ट्रीयल सर्विसेज यूनियन के उपाध्यक्ष दलजीत सिंह, पंजाब सिविल सचिवालय दर्जा-4 एसोसिएशन के प्रधान बलराज सिंह, पंजाब सिविल सचिवालय स्टाफ एसोसिएशन के महासचिव गुरप्रीत सिंह, सीनियर उपाध्यक्ष भगवंत सिंह बदेशा, संयुक्त महासचिव सुशील कुमार, संगठन सचिव मनजीत सिंह रंधावा, संयुक्त संगठन सचिव साहिल शर्मा, आफिस सचिव जसप्रीत सिंह रंधावा, वित्त सचिव मिथुन चावला, संयुक्त वित्त सचिव प्रवीण कुमार, प्रैस सचिव नीरज कुमार, कोआर्डिनेटर जगदीप कपिल, मीडिया सलाहकार गुरसेवक सिंह सोहल भी उपस्थित थे।