बठिंडा जिले के गांव रामसरा निवासी गाड़ी मालिक कंवलजीत सिंह को थाना रामां के प्रभारी संजीव कुमार ने धमकी दी कि अगर वह थाने में हाजिर नहीं हुआ तो उसे गैंगस्टर बताकर फर्जी एनकाउंटर में मार देगा। आरोप है कि थाना प्रभारी ने कहा कि इसके लिए वह अपनी नौकरी दांव पर लगाने से भी नहीं हिचकेगा। कंवलजीत सिंह ने थाना प्रभारी की ओर से दी गई कथित धमकी की एक ऑडियो रिकार्डिंग भी मीडिया के सामने पेश की ।
शनिवार को आयोजित प्रेस वार्ता में कंवलजीत सिंह और उसके पिता पूर्व फौजी गुरजंट सिंह ने बताया कि उनके पास कुछ गाड़ियां हैं। ये गाड़ियां फरवरी 2017 से ट्रांसपोर्टर जगतार सिंह के जरिये रिफाइनरी में चल रही थीं । उन्हें जगतार सिंह से करीब दो लाख अस्सी हजार रुपये लेने हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि रुपये मांगने पर जगतार और उसके भाई रछपाल ने पिता-पुत्र को परेशान करने के लिए थाना रामां के प्रभारी संजीव कुमार के जरिये अपनी गाड़ी के एक ड्राइवर को अगवा करने का केस डालने की धमकी देनी शुरू कर दी। जब उसने धमकी का विरोध किया तो पुलिस ने उनके घर पर छापामारी करनी शुरू कर दी ।
कंवलजीत के अनुसार शुक्रवार को भी थाना रामां प्रभारी ने पुलिस के साथ उसके घर छापा मारा। वह पुलिस डर से घर छोड़ गया। कंवलजीत ने बताया कि घर में बुजुर्ग माता हैं, वह दिल की मरीज हैं। पुलिस के डर से उनको अटैक हो गया। पूर्व फौजी ने आरोप लगाया कि उन्होंने इस बाबत रिफाइनरी पुलिस चौकी को थाना प्रभारी व ट्रांसपोर्टर के खिलाफ शिकायत दी, परंतु कोई कार्रवाई नहीं हुई।