करीब तीन माह पहले सिविल अस्पताल के आडिट के दौरान मरीजों की एक्सरे और अन्य काटी जाती पर्चियों की करीब 20 लाख रुपये की रकम की हेरफेर सामने आने पर डायरेक्टर सेहत विभाग ने मानसा अस्पताल के एक फार्मासिस्ट को ड्यूटी से निलंबित कर दिया गया है।
विभाग ने सिविल सर्जन को एक पत्र भेज कर यह आदेश लागू करने के लिए कहा है। इसकी पुष्टि सिविल सर्जन डा. विनोद बेरी ने की है। करीब तीन माह पहले चंडीगढ़ की टीम के पास किए आडिट में एक्सरे और अन्य फीसों की रकम में 20 लाख रुपये का गबन सामने आया था।
इसके लिए फार्मासिस्ट बलदेव सिंह दातेवास को जिम्मेवार ठहराया गया। उस समय बात बढ़ने पर फार्मासिस्ट ने तंग करने की धमकी दी थी, जिस पर बाद में सेहत विभाग ने उससे किस्तें के रूप में 20 लाख रुपये के करीब यह सारी रकम भरवा ली गई। इसके बाद डायरेक्टर सेहत विभाग पंजाब को पत्र लिखा गया है। यह मामला विजिलेंस विभाग मानसा के पास पहुंचा।
डायरेक्टर सेहत विभाग ने सिविल सर्जन डा. विनोद बेरी को पत्र भेजकर फार्मासिस्ट बलदेव सिंह दातेवास को ड्यूटी से मुअत्तल कर दिया गया। गबन सामने आने पर एसएमओ निशान सिंह द्वारा बलदेव सिंह की ड्यूटी किसी अन्य जगह लगा दी थी। सिविल सर्जन डा. विनोद बेरी ने बताया कि फार्मासिस्ट बलदेव सिंह को मुअत्तल कर दिया गया है। इसके लिए विभाग का पत्र भी आ चुका है।