बरगाड़ी से जुड़े मामलों की जांच कर रही एसआईटी से आईजी कुंवर विजय प्रताप सिंह को भारत निर्वाचन आयोग द्वारा हटाए जाने के फैसले के खिलाफ कांग्रेस सरकार ने कड़े तेवर अपना लिए हैं। पंजाब सरकार ने मंगलवार को आयोग से कहा कि वह आईजी कुंवर विजय प्रताप सिंह को हटाने के अपने फैसले पर पुनर्विचार करें।
मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने अकाली दल के एक नेता की शिकायत पर चुनाव आयोग द्वारा जारी आदेश को बरगाड़ी फायरिंग मामले की जांच में सीधे-सीधे हस्तक्षेप माना है। सीएम ने कहा कि अकालियों ने अपने कार्यकाल के दौरान हुए बेअदबी और फिर गोलीबारी के मामलों की जांच को नाकाम करने की कोशिश की। अब फिर यही कर रही है।
उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग के आदेश का पूरा आधार एक नाटकीय शिकायत पर आधारित है। इससे साफ हो गया है कि शिकायतकर्ता एसआईटी द्वारा गुनहगार का पर्दाफाश किए जाने से डर रहे हैं।
चुनाव आयोग सत्ताधारी भाजपा के दबाव में अत्यंत पक्षपाती तरीके से काम कर रहा है। भाजपा खुद को और अपने सहयोगियों को बचाने के लिए और राज्य के मामलों में हस्तक्षेप सहित सभी प्रकार की सस्ती हरकतें कर रही है।