चंडीगढ़। एमएसपी खत्म करने के विरोध में पंजाब के किसानों की चंडीगढ़ में एंट्री होने से पुलिस के हाथ-पैर फूल गए। हजारों की संख्या में किसान पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के समक्ष अपनी मांग रखने आए थे। शहर में एंट्री होते ही पुलिस हाई अलर्ट पर हो गई। जगह जगह आला अधिकारियों की तैनाती कर दी गई। यह किसान मोहाली के रास्ते अलग-अलग बार्डर एरिया से शहर में पहुंचे और फिर सेक्टर-25 स्थित रैली ग्राउंड में डेरा जमाया।
इस रैली में एक हजार से ज्यादा किसान शामिल थे। सुबह करीब 11 बजे ही किसानों के बसों को मोहाली के बार्डर पर रुकवा दिया गया। इसके बाद दोपहर करीब 12.30 बजे अलग-अलग सेक्टरों से यह किसान पैदल ही सेक्टर-25 स्थित रैली ग्राउंड पहुंचे। इतनी ज्यादा संख्या में आए किसानों की भीड़ देख पुलिस भी चौकन्नी हो गई। यहां पहुंचते पुलिस ने रैली ग्राउंड को चारों तरफ से सील कर बेरिकेड लगा दिए। किसी भी वाहन को वहां से गुजरने नहीं दिया जा रहा था। एसएसपी नीलांबरी विजय जगदले, सेंट्रल डीएसपी कृष्ण कुमार, सेक्टर-11 थाना प्रभारी राजीव कुमार, चौकी इंचार्ज शिवचरण टीम के साथ मौके पर पहुंचे। इसके बाद करीब एक बजे से पंजाब किसान यूनियन ने भाषण देना शुरू कर दिया। दो घंटे चले इस भाषण में पुलिस पूरी तरह मुस्तैद रही। करीब 3 बजे भाषण के बाद किसान पुलिस से मांग कर बैठे कि उनके जाने के लिए बस व्यवस्था यहीं से करना होगा। तभी इतनी ज्यादा संख्या में आए किसान यहां से जा सकेंगे, जिसके थोड़ी देर बसों को सेक्टर-25 रैली ग्राउंड में मंगवाया गया। इसके बाद शाम करीब 4.30 बजे तक किसानों का जत्था धीरे-धीरे कर वहां से वापस चला गया।
ठेके पर टूटे किसान
सेक्टर-25 स्थित रैली ग्राउंड में पंजाब के किसानों की रैली के दौरान हैरत में डालने वाला एक अजीब मामला सामने आया। रैली में आए ज्यादातर किसान सेक्टर-25 के शराब के ठेके पर दिखे। दोपहर से ही शराब के ठेके पर किसानों की लंबी भीड़ देखने को मिली। इस दौरान किसानों ने शराब की जमकर खरीदारी की गई। बताया गया कि ज्यादातर रैलियों में शराब के ठेके पर इस तरह से ही जमावड़ा होता है।