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Punjab Congress Dispute: कमेटी से मिले कैप्टन अमरिंदर सिंह, कहा- चुनाव पर चर्चा हुई

Fri, 04 Jun 2021 11:51 AM IST
निवेदिता वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़

सार

पंजाब कांग्रेस में मची कलह को शांत करने के लिए हाईकमान को एक समिति का गठन करना पड़ा है। तीन दिन से यह समिति लगतार पंजाब कांग्रेस के नेताओं के साथ मुलाकात कर रही है और उनका पक्ष जान रही है। अब मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह समिति के सदस्यों से मिलने पहुंचे। 
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Captain Amarinder Singh
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विस्तार
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पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह शुक्रवार को दिल्ली में हाईकमान द्वारा गठित तीन सदस्यीय कमेटी के सामने अपना पक्ष रखने के लिए गुरुद्वारा रकाबगंज पहुंचे। यह कमेटी पंजाब कांग्रेस में मचे घमासान को शांत करने के लिए बनाई गई है। कैप्टन की बात सुनने के बाद कमेटी पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष को अपनी रिपोर्ट सौंपेगी। मुलाकात तीन घंटे चली। समिति से मुलाकात के बाद कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि पंजाब में छह माह में विधानसभा चुनाव होने हैं। ऐसे में पार्टी नेताओं के बीच विचार विमर्श हुआ है। 

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उम्मीद जताई जा रही है कि शुक्रवार देर शाम इस पूरे मामले का पटाक्षेप हो सकता है। तीन सदस्यीय कमेटी सोमवार से हर रोज पंजाब के कांग्रेस नेताओं को बुलाकर पूरे विवाद पर उनका पक्ष सुन रही है। इसी कड़ी में मुख्यमंत्री को बुधवार को दिल्ली जाना था, लेकिन पंजाब कैबिनेट की बैठक व अन्य कार्यों के कारण वे गुरुवार सुबह दिल्ली के लिए रवाना हुए। दिल्ली पहुंचकर कैप्टन ने कपूरथला हाउस में खेल मंत्री राणा गुरमीत सिंह सोढी के साथ बैठक की।
तीन सदस्यीय कमेटी से मिलने के बाद कैप्टन पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी से भी मुलाकात करेंगे और उन्हें भी पंजाब कांग्रेस की मौजूदा स्थिति के साथ-साथ आगामी चुनाव को लेकर पंजाब कांग्रेस की तैयारियों की रूपरेखा सौंपेंगे।
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पंजाब कांग्रेस में विवाद की मुख्य वजह बेअदबी और कोटकपूरा फायरिंग मामले में बादल परिवार के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं किया जाना है। पंजाब के विधायकों ने राहुल गांधी से साफ कर दिया है कि अगर बेअदबी के दोषियों को सजा नहीं मिली तो कांग्रेस के लिए अगले चुनाव में मजबूती से खड़े हो पाना संभव नहीं रह जाएगा। ऐसे में कांग्रेस हाईकमान कुछ कड़े फैसले ले सकता है।

तीन सदस्यीय समिति ने चार दिनों में  प्रदेश के लगभग 100 नेताओं से बातचीत की है। समिति ने प्रदेश प्रधान सुनील जाखड़ और मुख्यमंत्री के सलाहकार कैप्टन संदीप संधू के साथ भी बात की है। उधर, सभी कैबिनेट मंत्रियों के अलावा नाराज नेताओं में सबसे मुखर विधायक नवजोत सिंह सिद्धू भी समिति के समक्ष अपनी बात रख चुके हैं। 

वहीं, समिति से मुलाकात के बाद पूर्व मुख्यमंत्री राजिंदर कौर भट्ठल ने भी गुरुवार को अपने आवास पर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि पंजाब कांग्रेस में कोई अंतर्कलह नहीं है, केवल कुछ मतभेद हैं। ऐसे मतभेद उनके मुख्यमंत्री कार्यकाल के दौरान भी थे। भट्ठल ने कहा कि बेअदबी और कोटकपूरा फायरिंग मामले के दोषियों को हर हाल में सजा दिलाई जाएगी। बेअदबी मामले में जवाबदेही को लेकर पार्टी के कुछ नेता चिंतित जरूर हैं। यह वाजिब भी है। चुनाव नजदीक होने के चलते पार्टी के नेताओं को यही चिंता है कि जनता से किए वादों को जल्द पूरा किया जाए। दूसरी ओर विपक्षी पार्टियां सांप्रदायिक मामले उछालकर कांग्रेस को कमजोर करने के हथकंड़े अपना रही हैं।

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