मुख्यमंत्री ने कहा कि डॉ हर्षवर्धन ने यह प्रस्ताव मिलने के बाद इस मांग पर विचार करने का भरोसा दिलाया है। मुख्यमंत्री के मुख्य प्रमुख सचिव को केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव के पास यह मामला आगे ले जाने के लिए कहा है। मुख्यमंत्री ने फिरोजपुर में पीजीआई सेटेलाइट सेंटर की मंजूरी के लिए भी केंद्रीय मंत्री से मांग की। राज्य सरकार ने इस संबंध में जमीन पीजीआई को ट्रांसफर कर दी है लेकिन फाइल केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के पास मंजूरी के लिए लंबित है।
नशे के इलाज के लिए मांगी केंद्रीय मदद
कैप्टन ने बताया कि उन्होंने नशे के इलाज के लिए केंद्र से मदद मांगी है। इस पर स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि उनका विभाग राज्य की मदद करके खुश होगा। इस दौरान मुख्यमंत्री ने नशे संबंधी राष्ट्रीय नीति की मांग भी दोहराई। उन्होंने बताया कि एम्स दिल्ली ने राज्य द्वारा ओओएटी क्लिनिकों में दी जा रही बुपरेनोरफिन और नैलेकसजोन थैरेपी की प्रशंसा की है। उन्होंने राज्य सरकार द्वारा पेश की जा रही थैरेपी को भारत सरकार की ओएसटी (ओपीयोड सबस्टिच्यूशन थैरेपी) के साथ जोड़ने की जरूरत पर जोर दिया।