सरकार को मिले 41,043 करोड़ के निवेश के साथ 2295 प्रस्ताव
भगवंत मान सरकार को अपने शासनकाल के दौरान लगभग 41,043 करोड़ रुपये के निवेश के साथ 2295 निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, जिससे लगभग 2,50,585 युवाओं को रोजगार मिलेगा। यह बात राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित ने बजट सत्र के दौरान अपने अभिभाषण में कही। उन्होंने कहा कि इस अवधि के दौरान प्राप्त कुछ प्रमुख परियोजनाओं में टाटा स्टील लिमिटेड ने 2600 करोड़ रुपये, सनाथन पॉलीकॉट प्राइवेट लिमिटेड ने 1600 करोड़, नाभा पावर लिमिटेड ने 641 करोड़, मैक्स स्पेशलिटी फिल्म्स लिमिटेड ने 548 करोड़, वर्धमान स्पेशल स्टील्स ने 342 करोड़, फ्री डेनवर ग्रुप ने 328 करोड़, नेस्ले इंडिया लिमिटेड ने 214 करोड़, वर्धमान स्पेशल स्टील्स ने 342 करोड़ और कारगिल इंडिया प्राइवेट लिमिटेड ने 160 करोड़ रुपये के निवेश के प्रस्ताव दिए हैं।
आम आदमी क्लीनिक योजना की सराहना
राज्यपाल ने सदन में पंजाब सरकार द्वारा शुरू की आम आदमी क्लीनिक योजना की तारीफ की। राज्यपाल ने कहा- राज्य के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में 504 आम आदमी क्लीनिक संचालित किए जा रहे हैं, जहां लोग मुफ्त ओपीडी सुविधा का लाभ उठा रहे हैं और इनमें मरीजों की मुफ्त डायग्नोस्टिक जांच हो रही है। राज्यपाल ने कहा- मैं गर्व से घोषणा करता हूं कि हमारा राज्य एचएमआईएस डाटा के अनुसार 99.24% संस्थागत सुपुर्दगी के साथ 3 सर्वश्रेष्ठ रैंकिंग वाले राज्यों में से एक है।
स्कूल ऑफ एमिनेंस कौशल के अवसर पैदा करने वाली योजना
राज्यपाल बनवारी लाल पुरोहित ने पंजाब सरकार द्वारा शुरू की गई स्कूल ऑफ एमिनेंस को कौशल के अवसर पैदा करने वाली योजना बताया। राज्यपाल ने कहा कि मेरी सरकार ने 21 जनवरी 2023 को एक प्रमुख कार्यक्रम स्कूल ऑफ एमिनेंस शुरू किया है। 117 सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूलों को स्कूल ऑफ एमिनेंस में तब्दील करने के लिए चुना गया है, जो नौवीं से 12वीं कक्षा के छात्रों की जरूरतों को पूरा करेंगे। ये स्कूल समर्थन और ताकत के पांच स्तंभों बुनियादी ढांचा, शिक्षा, मानव संसाधन, प्रबंधन, खेल और पाठ्यक्रम गतिविधियों और सामुदायिक जुड़ाव पर आधारित होंगे।
भ्रष्टाचार में जीरो टॉलरेंस की नीति पर की सरकार की तारीफ
राज्यपाल बनवारी लाल पुरोहित ने अपने अभिभाषण में भ्रष्टाचार के प्रति जीरो टॉलरेंस नीति अपनाने पर पंजाब सरकार की सराहना की। राज्यपाल ने कहा - राज्य से भ्रष्टाचार को खत्म करने के लिए सरकार ने एंटी करप्शन एक्शन लाइन नंबर 95012-00200 शुरू किया। विजिलेंस ब्यूरो ने 16 से 28 फरवरी 2023 की अवधि के दौरान 6 राजपत्रित अधिकारियों, 79 अराजपत्रित अफसरों और 22 निजी व्यक्तियों के खिलाफ 83 ट्रैप मामले दर्ज किए, जो रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़े गए।
उपभोक्ताओं को बिजली आपूर्ति की चुनौती
राज्यपाल के भाषण में पंजाब के एक करोड़ से अधिक उपभोक्ताओं को 24 घंटे बिजली आपूर्ति की चुनौती भी दिखी। राज्यपाल ने कहा कि भारत का अन्न का कटोरा कहे जाने वाले पंजाब जैसे कृषि प्रधान राज्य के लिए बिजली सबसे महत्वपूर्ण आवश्यकता है। पंजाब को 1 करोड़ से अधिक उपभोक्ताओं को 24 घंटे बिजली की आपूर्ति सुनिश्चित करनी है। इस वर्ष राष्ट्रव्यापी कोयला संकट के बावजूद सरकार ने धान के मौसम के दौरान 14,311 मेगावाट की अपनी सार्वकालिक उच्च मांग को पूरा किया है। पछवारा सेंट्रल कोयला खान, कानूनी मुद्दों के कारण पिछले सात सालों से बंद थी। इसे 12 दिसंबर को राज्य को सस्ते और उच्च गुणवत्ता वाले कोयले की पहुंच प्रदान करने के साथ चालू किया गया।
इस वित्तीय वर्ष सरकार बांटेगी चार लाख मृदा स्वास्थ्य कार्ड
पंजाब सरकार 2022-23 के वित्तीय वर्ष में उर्वरकों के विवेकपूर्ण इस्तेमाल को प्रोत्साहित करने के लिए चार लाख मृदा स्वास्थ्य कार्ड बांटेगी। राज्यपाल ने बताया कि सरकार द्वारा 10 कीटनाशकों की बिक्री पर भी रोक लगा दी गई है क्योंकि बासमती चावल के निर्यात में इनका उपयोग एक बड़ी बाधा है।
मालेरकोटला, संगरूर में खुलेगा 100 एमबीबीएस सीटों वाला मेडिकल कॉलेज
राज्यपाल ने कहा कि राज्य सरकार पंजाब में नए मेडिकल कॉलेज स्थापित कर राज्य के चिकित्सा शिक्षा में सुधार लाने की इच्छुक है। प्रधानमंत्री जनविकास कार्यक्रम योजना के तहत मालेरकोटला में 100 एमबीबीएस सीटों वाला एक मेडिकल कॉलेज स्वीकृत किया गया है। संगरूर के मस्तुआणा साहिब में भी 100 एमबीबीएस सीटों वाला मेडिकल कॉलेज खोलने का प्रस्ताव है। सरकारी मेडिकल कॉलेज अमृतसर और पटियाला में एमबीबीएस सीटों की संख्या 150 से बढ़ाकर 200 करने के लिए केंद्र सरकार द्वारा 60 करोड़ रुपये की कार्य योजना को मंजूरी दी गई है।
दस्तावेज मुक्त होगा पंजाब विधानसभा का कामकाज
राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित ने कहा कि राष्ट्रीय ई-विधानसभा एप्लीकेशन (नेवा) परियोजना के तहत राज्य विधानसभा के कामकाज को दस्तावेज मुक्त बनाया जाएगा। इस प्रकार पारदर्शी और उत्तरदायी प्रक्रियाओं के साथ-साथ निर्णयों और दस्तावेजों का पता लगाने के लिए जानकारी साझा करना सरल हो जाएगा। राज्य डाटा नीति को प्लेटफार्मा के निर्माण को सक्षम बनाने के लिए परिचालित किया जा रहा है, जिससे नागरिकों को बेहतर सेवा देने के लिए विभागों के पास उपलब्ध डाटा की क्षमता बढ़ेगी।