पंजाब यूनिवर्सिटी ने इस साल पीएचडी के लिए प्रवेश परीक्षा समाप्त कर दी है। पीयू सिर्फ उन्हीं उम्मीदवारों को दाखिला देगा जो राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा (नेट) या जूनियर रिसर्च फेलोशिप (जेआरएफ) योग्यता प्राप्त हैं। इसके अलावा राजीव गांधी फेलोशिप, इंस्पायर फेलोशिप आदि कार्यक्रमों के माध्यम से आवेदन करने वाले भी प्रवेश के लिए पात्र होंगे। पीयू प्रवेश परीक्षा के माध्यम से हर साल सैकड़ों छात्रों को पीएचडी के लिए दाखिला देती है।
पंजाब यूनिवर्सिटी पीएचडी प्रवेश परीक्षा पांच वर्ष तक मान्य होती है। अधिकारियों के अनुसार वे विद्यार्थी भी पीएचडी प्रवेश के लिए मान्य हैं जिनके अभी पांच वर्ष पूरे नहीं हुए हैं। इन विद्यार्थियों के स्कोर भी इस वर्ष पीएचडी दाखिला के लिए मान्य होंगे। जानकारी के अनुसार पंजाब यूनिवर्सिटी को इस वर्ष पीएचडी प्रवेश के लिए 3,000 से अधिक आवेदन प्राप्त हुए हैं। जबकि 2019 में पीयू को पीएचडी के लिए 1,800 आवेदन प्राप्त हुए थे।