प्रदर्शनकारियों को ले जाती पुलिस।
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मलोट में आयोजित राज्यस्तरीय अंतरराष्ट्रीय विकलांगता दिवस समागम में उस समय माहौल तनावपूर्ण हो गया जब बेरोजगार विमुक्त जाति संघ के सदस्यों ने सामाजिक सुरक्षा, स्त्री एवं बाल विकास मंत्री डॉ. बलजीत कौर का विरोध शुरू कर दिया। समागम दौरान अचानक से नारेबाजी सुनाई देने पर पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया और जैसे-तैसे पुलिस मुलाजिमों ने जोर आजमाइश कर प्रदर्शनकारियों को काबू कर समागम स्थल से बाहर निकाला।
बता दें कि शनिवार को मलोट में कैबिनेट मंत्री डॉ. बलजीत कौर की अध्यक्षता में राज्यस्तरीय विकलांगता दिवस समागम मनाया जा रहा था। समागम दौरान जैसे ही कैबिनेट मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने संबोधन शुरू किया तो वहीं बीच में बैठे विमुक्त जाति संघ के सदस्यों ने सरकार व कैबिनेट मंत्री के खिलाफ जोरदार नारेबाजी शुरू कर दी।
वहां मौजूद पुलिस प्रशासन के हाथ-पांव फूल गए और पुलिस मुलाजिमों ने प्रदर्शनकारियों को जोर जबरदस्ती कर समागम स्थल से बाहर निकाला और गाड़ी में डाल हिरासत में लेकर साथ ले गए। प्रदर्शनकारी प्रकाश कौर व अन्य ने बताया कि विमुक्त जाति कोटे में उनकी नियुक्ति हो गई है। मगर उन्हें ऑफर लेटर नहीं दिया जा रहा।
कैबिनेट मंत्री हाईकोर्ट के आदेश को भी नहीं मान रहीं। उनके साथ अनेक बार बैठक भी हो चुकी है। यहां तक कि शनिवार को भी समागम से पहले कैबिनेट मंत्री ने अपने संबोधन से पहले उनके साथ वार्ता की बात कही थी। मगर सीधे समागम स्थल पर संबोधन शुरू कर दिया। वह दो माह से संघर्ष कर रहे हैं।
आम आदमी पार्टी सरकार नहीं चल पा रही है। कैबिनेट मंत्री को अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए। अगर उन्हें ऑफर लेटर नहीं मिलता है तो वे गुप्त एक्शन लेंगे। आप के मंत्रियों का इसी तरह विरोध जारी रहेगा। उधर, कैबिनेट मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने प्रेसवार्ता दौरान इस मुद्दे पर कहा कि प्रदर्शन करना किसी समस्या का हल नहीं है। जहां तक विमुक्त जातियों का मसला है, यह पहले भी कैबिनेट बैठक में आया था। अब भी वे मुख्यमंत्री भगवंत मान के साथ इस मसले पर बात कर रही हैं।