अगर केंद्र सरकार ने जाटों को आरक्षण देने का बिल पास किया तो पिछड़ा वर्ग पीछे नहीं हटेगा। ऐसा किया गया तो समाज संसद का घेराव करेगा। यह चेतावनी पिछड़ा वर्ग एवं दलित विकास संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष ईश्वर सिंह ने दी। वह बुधवार को सैनी चौपाल में पिछड़ा वर्ग के लोगों को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि जाटों को आरक्षण देने के खिलाफ और पिछड़ा वर्ग को राजनीति में आरक्षण दिलाने को लेकर पांच अप्रैल को गोहाना में पिछड़ा वर्ग महासम्मेलन से संघर्ष का ऐलान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जातपात भूलकर पिछड़ा वर्ग को एकजुट होना होगा। अगर ऐसा नहीं हुआ तो हमारे अधिकारों का हनन ऐसे ही होता रहेगा।
उन्होंने युवा वर्ग का आह्वान किया कि उसे इस लड़ाई में आगे आना होगा। अगर युवा वर्ग अब भी नहीं जागा तो उन्हें बेरोजगारी की मार झेलनी पड़ेगी।
साथ ही उन्होंने पूर्व सैनिकों को भी इस लड़ाई में कूदने की बात कही। रामदिया प्रजापति ने कहा कि हम राजनीतिज्ञों के बहकावे में आ जाते हैं और अपना वोट उन्हें देकर कुर्सी पर बैठा देते हैं।
उन्होंने कहा कि अब जागरूक हो जाओ और अपने को अपना वोट दें। अगर हमें अपना अस्तित्व बचाना है तो दूसरों का सहारा लेना छोड़ना पड़ेगा।
पालिका के पूर्व चेयरमैन रामकुमार सैनी, सैनी सभा के प्रधान कृष्ण, धर्मबीर सैनी, सुनील कुमार प्रजापत, अनिल वर्मा, मा. महेंद्र, उमेद सिंह, मा. प्रेम, सतबीर, मंदीप सैन, ज्ञान सैनी, सतवीर सिंह, सुरेश कुमार व जगदीश जांगड़ा आदि इस अवसर पर उपस्थित थे।