प्रेस कॉन्फ्रेंस में सीएम चरणजीत चन्नी।
- फोटो : twitter @CHARANJITCHANNI
पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी ने विरोधियों को चुनौती दी है कि वह उनकी सरकार का कोई एक भी फैसला या घोषणा बताएं जो जमीनी स्तर पर लागू न हुआ हो। बहुत कम समय मिलने के बावजूद उनकी सरकार बाकी रहते मसले हल करने में भी कोई कसर नहीं छोड़ेगी।
20 सितंबर को मुख्यमंत्री पद संभालने से लेकर अब तक 72 दिनों में लिए गए फैसलों और घोषणाओं संबंधी अपनी सरकार की प्रगति पर रिपोर्ट पेश करते हुए मुख्यमंत्री चन्नी ने कहा कि लगभग 60 फैसलों को जमीनी स्तर पर लागू किया जा चुका है। मेरी सरकारी की शानदार कारगुजारी के चलते अब मैं ‘विश्वासजीत सिंह’ कहलवाने का हकदार हूं न कि ‘एलानजीत सिंह’ जैसा कि विपक्ष मुझे कहता है।
आप सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री चन्नी ने कहा कि हालांकि उन्हें आलोचना पसंद है लेकिन सिर्फ आलोचना के लिए आलोचना करना पूरी तरह अनैतिक और अनावश्यक है। उन्होंने केजरीवाल को सलाह दी कि उनके जन समर्थक एजेंडे से ईर्ष्या करने के बजाय बराबरी कर उसे अपने राज्य दिल्ली में भी लागू करें। पंजाब सरकार ‘चन्नी सरकार’ नहीं बल्कि ‘अच्छी सरकार’ है, क्योंकि हम आम लोगों का भरोसा जीतने के लिए उनकी सेवा कर रहे हैं।
चुनाव में सीएम चेहरा नहीं हूं: चन्नी
मुख्यमंत्री चन्नी ने कहा कि कांग्रेस ने मुझे सीएम बना दिया, जबकि मैंने इसके लिए कभी नहीं कहा था। अगले विधानसभा चुनाव के बाद पार्टी तय करेगी कि किसे सीएम बनाना है, फिलहाल मैं खुद को सीएम चेहरा नहीं मानता। पार्टी जो फैसला करेगी, मुझे मंजूर होगा। पार्टी जो भी जिम्मेदारी देगी, मैं उस जिम्मेदारी को निभाऊंगा। मैं हर जगह कामयाब रहा हूं लेकिन मैं किसी पद का दावेदार नहीं हूं।
सिद्धू मेरे बड़े भाई, कोई विवाद नहीं: चन्नी
मुख्यमंत्री चन्नी ने प्रदेश अध्यक्ष नवजोत सिद्धू से विवाद पर कहा कि सिद्धू उनके बड़े भाई हैं और पार्टी के प्रधान हैं। दोनों ही पार्टी के अधीन काम करते हैं। ऐसे में पार्टी जो भी निर्देश देगी, वही करेंगे। हालांकि मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि उन्होंने जो भी काम किए हैं, वह सब दिखा दिए हैं। इससे नवजोत सिद्धू को स्पष्ट हो गया होगा कि सरकार क्या कर रही है।