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देर रात तक खुलने वाले क्लबों के बाहर रीयल टाइम नॉइस मॉनिटरिंग सिस्टम लगाने की तैयारी

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चंडीगढ़। नई आबकारी नीति के तहत प्रशासन ने शहर के क्लब को देर रात तीन बजे तक खोलने की इजाजत दे दी है। इसकी वजह से सेक्टर-7 के लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लोगों का आरोप है कि देर रात कर क्लबों में तेज आवाज में गाने बजते हैं, जिसकी वजह से आसपास के घरों में लोग सो नहीं पाते। प्रशासन अब इन क्लबों के बाहर रीयल टाइम नॉइस मॉनीटरिंग सिस्टम लगाने की तैयारी कर रहा है ताकि अगर किसी समय मंजूर लेवल से ज्यादा आवाज हो तो क्लब पर कार्रवाई की जा सके।
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बीते दिनों प्रशासन के अधिकारी व पार्षदों के बीच हुई बैठक में वार्ड पार्षद महेश इंदर सिंह सिद्धू ने यह मुद्दा उठाया था। सिद्धू ने कहा था कि मध्यमार्ग पर अब बहुत से क्लब खुल गए हैं। उनके पास सेक्टर-7 से रोजाना शिकायतें आती हैं कि देर रात तक क्लबों में तेज आवाज में गाने बजते हैं। उसकी आवाज बाहर तक आती है, इससे वरिष्ठ नागरिकों को काफी समस्या होती है। सिद्धू ने बताया कि जब पुलिस जाती है तो आवाज कम हो जाती है। सलाहकार धर्मपाल ने इस मामले पर कहा कि ये बड़ी समस्या है। इस पर गृह सचिव नितिन यादव ने सुझाव दिया कि वहां रीयल टाइम नॉइस मॉनीटरिंग सिस्टम लगा दिया जाए ताकि तुरंत पता चल जाए कि आवाज कितनी है तो क्लबों पर नियमों के तहत कार्रवाई की जा सकेगी। कहा कि उनके पास भी ये समस्या आई थी, लेकिन जब उन्होंने जांच की तो आवाज बाहर नहीं आ रही थी। सिद्धू ने कहा कि अब रात तीन बजे तक क्लब खुलने की इजाजत है। देर रात जब पूरी शांति होती है तो क्लब में जो गाने चलते हैं उसकी बेस पास के घरों तक महसूस की जाती है। सलाहकार ने कहा कि अगर ऐसा हो रहा है तो उसे बंद किया जाना चाहिए। फैसला लिया गया कि क्लबों के बाहर ये रीयल टाइम नॉइस मॉनीटरिंग सिस्टम लगाए जाएंगे।
सेक्टर-7 में है सबसे ज्यादा समस्या : सिद्धू
वार्ड पार्षद ने कहा कि वह पिछले कई वर्षों से इस समस्या को उठा रहे हैं, लेकिन कुछ खास फायदा नहीं हुआ है। प्रशासन ने जो मॉनीटरिंग सिस्टम लगाने का फैसला किया है, अगर वह भी लग जाए तो लोगों को लाभ होगा। उन्होंने कहा कि सबसे ज्यादा समस्या सेक्टर-7 में है। वहां एससीओ के पीछे कोर्टयार्ड बने हैं। करीब 10-15 साल पहले यहां हार्डवेयर की दुकानें होती थीं लेकिन आज क्लब बन गए हैं। सिद्धू ने कहा कि इस समस्या का पक्का समाधान तभी होगा, अगर प्रशासन कोर्टयार्ड के ऊपर छत बनाने की इजाजत देगा।
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पार्किंग और सड़क किनारे शराब पीने वालों पर करें कार्रवाई
सिद्धू ने कहा कि रात के समय कई युवक पार्किंग में शराब पीते हैं। शराब के नशे में शोर मचाते हैं और सेक्टरों की अंदरूनी सड़कों पर तेज गाड़ी दौड़ाते हैं, जिससे लोगों में डर का माहौल बनता है। सलाहकार धर्मपाल ने कहा कि ये गलत है, ऐसा नहीं होना चाहिए। कहा कि उनकी जानकारी में भी ऐसे कुछ मामले आए हैं, इसलिए चंडीगढ़ में सड़क किनारे शराब पीने वाले कल्चर को नहीं लाने देना है। उन्होंने पुलिस को निर्देश दिए कि वह ऐसे लोगों के खिलाफ सख्ती बरते।
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