लुधियाना में तेज आंधी व बारिश से शहर में बिजली व्यवस्था चरमरा गई। शनिवार को शाम चार बजे के करीब तेज आंधी से फिरोजपुर रोड पर बिजली के तार पर पेड़ गिर गए तो कुछ अन्य भागों में बिजली के तार टूटने से ट्रांसफार्मर फूंक गए। इससे लुधियाना 10 घंटे अंधेरे में डूबा रहा। अधिकांश हिस्सों में 10 से 16 घंटे बिजली गुल रही। लोगों को मुश्किलों का सामना करना पड़ा।
बिजली आपूर्ति बंद होने से लोग पावरकॉम के दफ्तरों में फोन घनघनाते रहे। लोगों को माकूल जवाब नहीं मिल पाया। इससे लोग नाराज दिखे। बिजली देर रात तक नहीं आई। एक ओर गर्मी तो दूसरी ओर लंबे बिजली कट से कई घरों के इन्वर्टर भी जवाब दे गए। उधर, बिजली बंद रहने से कई कारखाने भी बंद रहे।
उद्योगों में कामकाज बंद रहने से उत्पादन प्रभावित रहा। इससे उद्यमी परेशान रहे। काम बंद रहने से आर्थिक नुकसान झेलना पड़ा। जानकारी के मुताबिक देर रात शहर में बिजली के तार टूटने और ट्रांसफार्मर फूंकने से शिमलापुरी, मॉडल टाउन, गुरु ज्ञान विहार, पंजाब माता नगर, अर्बन विहार, सराभा नगर, घुमारमंडी, हैबोवाल, जस्सियां रोड, सलेम टाबरी, टिब्बा रोड, नूरवाला रोड, बहादुर के रोड, मिल्लरगंज, गिल रोड, भाई हिम्मत सिंह नगर, धांधरा रोड के आसपास के मोहल्लों, अब्दुल्लापुर बस्ती, डॉ. अंबेडकर नगर, जवाहर नगर कैंप, दशमेश नगर, संत फतेह सिंह नगर, जनता नगर, किचलु नगर, किदवई नगर, जनकपुरी, अशोक नगर, फोकल प्वाइंट, इंडस्ट्री एरिया, ढंढारी, शेरपुर, ताजपुर रोड समेत आसपास के मोहल्लों में बिजली गुल रही। शनिवार शाम गई बिजली कुछ इलाकों में रात दो बजे के करीब आई तो कुछ इलाकों में रविवार सुबह 10 बजे। इससे सुबह मोहल्लों में पानी नहीं आया। लोगों को घर में कामकाज को लेकर दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
एक्सईएन एमपी सिंह ने बताया कि आंधी से कई जगह बिजली के तार टूट गए तो ट्रांसफार्मर भी जल गए। बारिश की वजह से भी दिक्कत आई। इससे बिजली बहाली में काफी समय लगा। देर रात मुलाजिम तार ठीक करने में लगे रहे। इससे कुछ इलाकों में देर रात बिजली आ गई। शेष जहां और दिक्कत रही। वहां भी बिजली ठीक करने का काम चल रहा है। बिजली बहाल कर दी जाएगी। समाचार लिखे जाने तक अधिकांश क्षेत्र में बिजली आ गई थी।