चंडीगढ़। सेक्टर-43 के सामुदायिक केंद्र में रविवार को आचार्यकुल और संवाद साहित्य मंच की ओर से वैसाखी पर कवि सम्मेलन का आयोजन हुआ। कवि सम्मेलन के साथ ही जरूरतमंद बच्चों को वित्तीय सहायता प्रदान की गई।
मुख्य अतिथि प्रसिद्ध शायर अशोक नादिर, विशिष्ट अतिथि सौभाग्य वर्धन और डीएसपी साउथ जसविंदर सिंह,अध्यक्षता पार्षद प्रेमलता ने की। कार्यक्रम का संचालन डॉ. संगीता शर्मा कुंद्रा गीत ने की। कवयित्री पल्लवी रामपाल ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत की। संवाद साहित्य मंच की अध्यक्ष प्रेम विज ने आए हुए अतिथियों का स्वागत किया। डॉ. अनीश गर्ग ने अतिथियों का परिचय दिया। त्रीभाषी कवि सम्मेलन मे 40 कवियों ने अपनी कविताओं से वैसाखी के त्योहार का और जलियांंवाला बाग पर कविताएं प्रस्तुत कर वाहवाही लूटी।
मैं जलियांवाला बाग हूंं.... पेश कर यादें हुई ताजा
डॉ. प्रज्ञा शारदा ने मैं जलियांवाला बाग हूंं, आज भी यादें छपी हुई है मेरे दर दीवार पर... पेश कर तालियां बटोरी। डेजी बेदी ने वैसाखी तेरी बुक्कल बिच लुक्कियां कीनियां ही बातां ने पेश किया। डॉ. संगीता शर्मा कुंद्रा गीत ने पसीने से सींची जो धरती, वैसाखी में उनकी मेहनत सजी भंगड़ा-गिद्दा ढोल की ललकार, वैसाखी लाई खुशियांं अपार पेश कर तालियां बटोरी। प्रेम विज ने भंगड़ा- गिद्दा लेकर आई वैसाखी, खुशियों को लेकर आई वैसाखी पेश की। आचार्य कुल संस्था के सलाहकार दीपक शर्मा चनारथल ने सबका धन्यवाद किया।