उन्होंने जोर देते हुए कहा कि अब जब विशेषज्ञ चेतावनी दे रहे हैं कि यह सितंबर महीने के बाद भी जारी रह सकता है तो यह और भी महत्व रखता है कि हम कोविड के साथ रहना सीखें और इसके साथ बढ़िया ढंग से निपटें। उन्होंने इस कारण केंद्र और राज्य सरकारों के आपसी सहयोग के साथ काम करने की जरूरत पर जोर दिया। प्रधानमंत्री की वीडियो कॉन्फ्रेंस में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और स्वास्थ्य मंत्री डा. हर्षवर्धन भी शामिल रहे।
केंद्र को भेजा मांग पत्र याद दिलाया
पंजाब के वित्तीय संकट को घटाने के लिए जरूरी कदमों का आह्वान करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार को एक विस्तृत मांग पत्र पहले ही भेजा जा चुका है, जिसमें कोविड के प्रभावों की सूची और वित्तीय एवं गैर-वित्तीय सहायता की मांग की गई है। उन्होंने जून महीने के शुरू में जीएसटी के 2800 करोड़ रुपये की राशि जारी करने के लिए प्रधानमंत्री और वित्त मंत्री का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि विभिन्न स्रोतों से आय वसूली में करीब 25000 से 30000 करोड़ की कमी होने के कारण पंजाब में संकट और गहरा होने की संभावना है।