पेंशन वितरण कार्यों के लिए सरकारी मुलाजिमों के लेटलतीफी से पहुंचने का सिलसिला लगातार जारी है।
बुजुर्ग परेशान होते रहें, लेकिन ये मुलाजिम अपनी हरकत से बाज नहीं आते। बुधवार को भी सेक्टर-15 कम्युनिटी सेंटर में कुछ ऐसा ही नजारा दिखा। आखिरकार, स्थानीय पार्षद और डिप्टी मेयर सुनील तलवार तक शिकायत पहुंची।
इसके बाद पेंशन वितरण काम शुरू हुआ, जो शाम करीब छह बजे तक चलता रहा।
सुबह करीब 10 बजे से विधवा, विकलांग सहित सरकार की अन्य स्कीमों के तहत मिलने वाले आर्थिक लाभ लेने के लिए सेक्टर-15 के सामुदायिक केन्द्र में लोग इकट्ठे हो गए, लेकिन सरकारी नुमाइंदे डेढ़ घंटे की देरी से पहुंचे।
इससे खासकर बुजुर्गों को काफी परेशानियां झेलनी पड़ीं।
पेंशन के लिए आधार कार्ड, पेंशन कार्ड सहित कई दस्तावेज मांगे जाते हैं, लेकिन कर्मियों के देरी से पहुंचने का कोई अफसर कारण नहीं पूछता।
कृष्णा रानी
बुजुर्गों की पेंशन सीधे बैंक अकाउंट में ट्रांसफर करनी चाहिए, क्योंकि एक तो आने-जाने में दिक्कत, ऊपर से कर्मियों की लापरवाही के कारण घंटों का इंतजार। इससे परेशानी होती है।
प्रकाश देवी
वरिष्ठ नागरिकों के साथ कर्मचारियों का ठीक व्यवहार नहीं होता है। बैंकों के जरिये ही पेंशन का वितरण किया जाना चाहिए, ताकि लोगों को दिक्कतों का सामना नहीं करना पड़े।
रोशनी देवी
आखिरकार पेंशन की रकम लेने के लिए इतनी परेशानियां क्यों? हर महीने वितरण कार्य होता है और हर माह कर्मचारी लेट से ही पहुंचते हैं।
बसंती
हर महीने इस तरह की दिक्कत आती है। बैंकों के जरिये पेंशन का भुगतान किया जाना चािहए, ताकि हर बार चक्कर काटने से निजात मिल सके।
मीना
यह सरकार की ओर से दी जा रही सुविधा है, फिर कर्मी ठीक से बर्ताव क्यों नहीं करते। पेंशन वितरण के साथ-साथ कर्मियों को अन्य पहलुओं पर भी ध्यान देना चाहिए।
सुभाष रानी
लोग तो अपने समय से पहुंचते हैं, लेकिन कर्मियों के देरी से पहुंचने की वजह से वरिष्ठ नागरिकों और शारीरिक अक्षमों को सबसे ज्यादा दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
सुख देवी
लाभार्थियों को चाहिए कि समय रहते अपने बैंक अकाउंट, आधार कार्ड सहित अन्य दस्तावेजों की जानकारी दें। बैंकों के जरिए पेंशन का भुगतान होने से लोगों को भी सहूलियत मिलेगी।
ओपी सिहाग, ईओ, नगर निगम