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पानीपतः एचआईवी पॉजीटिव भी ढूंढ सकते हैं जीवनसाथी, इस विभाग ने लिया शादी कराने का जिम्मा

Wed, 18 Sep 2019 12:33 PM IST
खुशबू गोयल संदीप भौरिया, अमर उजाला, पानीपत(हरियाणा)
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प्रतीकात्मक तस्वीर
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हरियाणा में पानीपत के स्वास्थ्य विभाग ने एचआईवी पॉजीटिव लड़कों व लड़कियों को मुख्य धारा से जोड़ने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने इनकी शादी कराने का फैसला किया है। स्वास्थ्य विभाग ने एचआईवी मेरिज डॉट कॉम के नाम से एक वेबसाइट शुरू की है। जिसमें एचआईवी पॉजीटिव अपना रजिस्ट्रेशन नंबर और अपनी एचआईवी की पूरी कंडीशन डालकर अपने लिए वर व वधु ढूंढ सकते हैं। ये पूरी तरह गोपनीय रहेगा।
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एचआईवी पॉजीटिव लड़के व लड़कियों के अलावा इसको कोई नहीं देख सकता है। इसके अलावा स्वास्थ्य विभाग खुद एचआईवी पॉजीटिव लड़के व लड़कियों के परिजनों को फोन कर उनके रिश्ते कराने का काम भी कर रहा है। अब तक विभाग चार ऐसे जोड़ों की शादी करा चुका है। शादी से पहले लड़के व लड़की की पूरी डिटेल उसके परिवार के साथ शेयर की जाती है। अब विभाग ने इसे आगे बढ़ाने की फैसला किया है।

इसके लिए डॉक्टर एचआईवी पॉजीटिव युवक युवती का नाम पता फोन नंबर लिखते हैं। जो भी एचआईवी पॉजीटिव युवक-युवती शादी करना चाहते हैं तो वह अस्पताल से उसका फोन नंबर लेकर शादी के लिए संपर्क कर सकते हैं। शादी के बाद बच्चे भी सामान्य हो इसके लिए डॉक्टर उन्हें जागरूक रहे हैं। जिले में अब तक कुल 612 एचआईवी पॉजीटिव हैं। जिनमें से लगभग 300 अविवाहित हैं।
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इनका सिविल अस्पताल रोहतक पीजीआई से नियमित इलाज चल रहा है। समाज से कट चुके इन लोगों के जीवन में खुशियां भरने के लिए इनको समाज में सामान्य जीवन प्रदान करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने अहम कदम उठाया है।
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एचआईवी पॉजीटिव के बच्चे होंगे सामान्य

एचआईवी पॉजीटिव युवक युवतियों को जीवन के प्रति प्रेरित करने के लिए स्वास्थ्य विभाग आगे आया है। सिविल अस्पताल के डॉक्टरों ने एचआईवी पीड़ितों की शादी के लिए बिचौलिये का किरदार निभाने का फैसला लिया है।

साल दर साल ऐसे बढ़े मरीज
अप्रैल 2017 से जूलाई 2019 तक 47,280 लोगों ने अपना टेस्ट कराया है। इसमें 235 पुरूष व महिलाएं एड्स की रोगी मिले हैं। इनका सिविल अस्पताल में ईलाज चल रहा है। अपैल 2017 से मार्च 2018 तक  28630 लोगों की काउंसलिंग हुई। 14291 लोगों की जांच हुई। इनमें 197 लोग एचआईवी पॉजीटिव मिले।

अपैल 2018 से मार्च 2019 तक 26135 लोगों की काउंसलिंग हुई। 26094 लोगों की जांच की गई। इसमें 257 लोग एचआईवी पॉजीटिव मिले। अप्रैल 2019 से जुलाई 2019 तक 6945 लोगों की काउंसलिंग की गई, जबकि 6895 लोगों की जांच हुई इनमें 86 लोग एचवीआई पॉजीटिव मिले। अगस्त में भी 44 लोग एचआईवी पॉजीटिव मिले। फिलहाल पानीपत में 612 लोग एचआईवी पॉजीटिव हैं।

एचआईवी पॉजीटिव दंपती के बच्चों को नहीं होगा खतरा- कौर
एचआईवी दंपती के बच्चे को जन्म लेने के 72 घंटे के अंदर ही नेवरा पाइन सिरप देते हैं। यह डेढ़ महीने तक बच्चे के वजन के अनुसार नियमित रूप से दिया जाता है, ताकि दंपती का बच्चा एचआईवी पॉजीटिव ना हो। जिले में ऐसे लगभग 90 से अधिक ऐसे बच्चे हैं जो बिल्कुल सामान्य हैं। उन्हें कोई परेशानी नहीं है। एचआईवी पॉजिटिव लोग एक तरह से समाज से कट जाते हैं। उनका जीवन नीरस हो जाता है। एचआईवी पॉजीटिव का जीवन के प्रति नजरिया बदलने उनके जीवन में खुशियां लौटाने के लिए स्वास्थ्य विभाग एचआईवी पॉजीटिव लोगों को शादी के प्रति जागरूक करने का काम करता है। इसके लिए अस्पताल में मरीजों का पूरा पता अंकित किया जाता है। मरीज एचआईवी मेरिज डॉट कॉम पर भी अपना रजिस्ट्रेशन कराकर अपने लिए वर वधु ढूंढ सकते हैं।
- जसविंद्र कौर, काउंसलर एचआईवी विंग, सिविल अस्पताल
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