फ्लाइट में अपने माता-पिता के साथ नीरज चोपड़ा।
- फोटो : twitter @Neeraj_chopra1
टोक्यो ओलंपिक में भारत को गोल्ड मेडल दिलाने वाले भाला फेंक खिलाड़ी नीरज चोपड़ा का एक और सपना पूरा हो गया है। दरअसल नीरज का सपना था कि वे अपने माता-पिता को फ्लाइट में बैठाएं। अब इस गोल्डन ब्वॉय की हसरत पूरी हो गई है। ट्विटर पर नीरज ने लिखा कि आज जिंदगी का एक सपना पूरा हुआ जब अपने मां-पापा को पहली बार फ्लाइट पर बैठा पाया। सभी की दुआ और आशीर्वाद के लिए हमेशा आभारी रहूंगा।
गौरतलब है कि टोक्यो में आयोजित ओलंपिक खेलों में नीरज चोपड़ा ने भाला फेंक में देश को गोल्ड मेडल दिलाया था। वह ओलंपिक में एथलेटिक्स में मेडल जीतने वाले पहले भारतीय भी बने। टोक्यो ओलंपिक में गोल्ड मेडल जीतनने के बाद नीरज चोपड़ा की ब्रांड वेल्यू में 10 गुना का इजाफा हुआ है। नीरज को मैनेज करने वाली फर्म जेएस डब्ल्यू के सीईओ मुस्तफा गौस का कहना है कि उनकी मेल और नॉन क्रिकेटिंग उपलब्धियों के चलते बढ़ोतरी हुई है। अब तक मार्केट में क्रिकेटर हावी थे। इनके अलावा पीवी सिंधु, मैरी कॉम और सानिया मिर्जा जैसी एथलीट छाई थीं। लेकिन नीरज ने इस धारणा को बदल दिया। विशेषज्ञों के मुताबिक नीरज की सालाना ब्रांड एंडोर्समेंट फीस ढाई करोड़ के आसपास है। पहले यह 20-30 लाख होती थी।
टोक्यो ओलंपिक में गोल्ड मेडल जीतकर इतिहास रचने वाले नीरज चोपड़ा के नाम पर पुणे में नवनिर्मित स्टेडियम का नामकरण किया गया है। इस पर नीरज के कोच और साथियों ने खुशी जाहिर की है। उनका कहना है कि कभी नीरज को अभ्यास करने के लिए समतल मैदान नसीब नहीं होता था, लेकिन आज पुणे में उसके नाम पर स्टेडियम है। यह पानीपत और हरियाणा ही नहीं बल्कि पूरे देश के लिए गर्व की बात है।