गांव रायपुरकलां के लोगों को भी बसों के कम फेरे की समस्या से जूझना पड़ रहा है। बस के लिए यहां के लोगों को भी आधे घंटे तक इंतजार करना पड़ता है। गांव वालों का कहना है कि गांव में सिर्फ एक 80 नंबर की बस आती है, जो जीरकपुर से पीजीआई जाती है। इस दौरान वह कई सेक्टरों को कवर करती है।
गांव वालों का कहना है कि ये बस बलटाना भी जाती है। बलटाना से हजारों लोग रोजाना चंडीगढ़ के लिए जाते हैं, लेकिन सिर्फ एक रूट की बसें चलने से लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। लोगों की मांग है कि इस रूट पर अन्य नंबरों की भी बस चलाई जाए। खास तौर पर पीक ऑवर पर बसों के फेरे ज्यादा लगने चाहिए। इससे न सिर्फ लोगों को फायदा होगा बल्कि लोग पब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल करेंगे। इससे सड़कों पर निजी वाहनों की संख्या का बोझ कम होगा।
बस चलवाने के लिए कई बार अधिकारियों से मुलाकात की, लेकिन इसका कोई असर नहीं हुआ। बस चलेगी तो लोग निजी वाहनों का इस्तेमाल कम करेंगे। इससे सड़कों का बोझ कम होगा।
-बाबा नैब सिंह, पूर्व सरपंच, गांव मक्खनमाजरा
स्कूल खुलने पर लोगों की परेशानी और बढ़ जाएगी। चंडीगढ़ प्रशासन को इस बारे में सोचना चाहिए। ऐसा लगता है कि प्रशासन को शायद इस समस्याओं के बारे में पता नहीं है। यदि बस चलें तो गांव की जनता को काफी फायदा होगा।
-अवतार सिंह, निवासी गांव मक्खनमाजरा
बस के लिए पौने घंटे तक इंतजार करना पड़ता है। इस बारे में कई बार अधिकारियों से गुहार लगाई है, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। इस रूट पर बस यात्रियों की काफी संख्या है। यदि बस के फेरे जल्दी जल्दी लगे तो यात्रियों की बहुत बड़ी समस्या हल हो सकती है।
-गुरदीप सिंह, पूर्व सरपंच, गांव रायपुरकलां
ऐसा क्यों है, ये देखा जाएगा। इस रूट पर सवारियों की संख्या की भी जांच की जाएगी। हमारी कोशिश रहती है कि ज्यादा रूटों पर बसें जाएं और यात्रियों को परेशानी न आए। -मनदीप सिंह बराड़, सचिव, परिवहन विभाग