राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की तरफ से बुधवार को नार्को आतंकवाद से जुड़े केस में स्पेशल अदालत में आतंकी ग्रुप हिजबुल मुजाहिद्दीन से संबंधित पाकिस्तानी नागरिक समेत दो लोगों के खिलाफ मोहाली अदालत में पूरक चार्जशीट दाखिल की गई। यह इस केस में तीसरी सप्लीमेंट्री चार्जशीट है। आरोपियों में गुरजंट सिंह निवासी अमृतसर और नासिर निवासी पाकिस्तान शामिल हैं। आरोपियों पर एनडीपीएस अधिनियम और यूए (पी) अधिनियम की धाराओं के तहत चार्जशीट दाखिल की गई है।
एनआईए की तरफ से इस मामले की जांच 8 मई, 2020 को शुरू की गई थी। जबकि यह मामला अमृतसर के सदर पुलिस थाने में 25 अप्रैल 2020 को दर्ज किया था। इस दौरान पुलिस ने हिलाल अहमद शेरगोजरी की गिरफ्तार कर उसके कब्जे से 29 लाख रुपये बरामद किए थे। वह यह रुपय लेने अमृतसर आया था।
जांच में सामने आया कि वह आतंकी संगठन हिजबुल मुजाहिद्दीन का सदस्य था और कमांडर रियाज अहमद नाइकू का करीबी था। गुरजंट सिंह और नासिर दोनों ही इस कारोबार में लगे थे। सेंधा नमक के निर्यात की आड़ में नार्को टेरर कारोबार चल रहा था। एनआईए ने अक्तूबर माह में नार्को-टेरर केस में 1400 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की थी। उस चार्जशीट में मारे गए हिजबुल कमांडर रियाज नाइकू समेत तीन आतंकवादियों और पंजाब के ड्रग तस्करों को लेकर कुल 10 लोगों का नाम दर्ज किया गया है।
ऐसा चलता था सारा कारोबार
एनआईए की जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपियों ने अटारी भारत-पाकिस्तान सीमा के माध्यम से हेरोइन की कम से कम छह खेप पाकिस्तान से मंगवाई। इनमें कुछ पैसा हवाला ऑपरेटरों के जरिए पाकिस्तान वापस भेजा गया था, जबकि एक बड़ा हिस्सा ओवर ग्राउंड वर्कर्स और अन्य सहयोगियों के एक नेटवर्क के माध्यम से जम्मू-कश्मीर में हिजबुल मुजाहिद्दीन के आतंकवादियों तक पहुंचाया।