चंडीगढ़। मौसम में बदलाव के साथ तापमान में तेजी से उतार-चढ़ाव हो रहा है। दोपहर की धूप में लोग एसी और कूलर के सामने बैठने से लेकर कोल्ड ड्रिंक और आइसक्रीम तक का सेवन करने लगे हैं। वहीं, सुबह-शाम की ठंड से भी बचाव के उपाय न के बराबर किए जा रहे हैं। इसका लोगों की सेहत पर भी दुष्प्रभाव नजर आने लगा है।
शहर के अस्पतालों की ओपीडी में वायरल, गले में संक्रमण और पेट दर्द के मरीज तेजी से बढ़ने लगे हैं। डॉक्टरों का कहना है कि ठंड को नजरअंदाज करने की गलती न करें। खानपान पर ध्यान दें, क्योंकि तापमान में बदलाव से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता पर भी असर पड़ रहा है।
बालरोग विशेषज्ञ डॉ. विक्रम बेदी का कहना है कि मौसम में बदलाव के कारण सबसे ज्यादा बच्चों की सेहत प्रभावित होती है। ज्यादा समस्या स्कूल जाने वाले बच्चों को लेकर होती है, क्योंकि वे घर के बाहर की खाद्य सामग्री बिना रोकटोक खाते हें। ऐसे में उन बच्चों को संक्रमण और उससे बचाव के प्रति सचेत करने पर फोकस होना चाहिए। उन्हें टिफिन में पोषक तत्व युक्त आहार दिया जाना चाहिए। डिब्बा बंद जूस की बजाय साबुत फल दें। उनके भोजन में हरी सब्जियों और दालों का प्रयोग ज्यादा करें।
ये घरेलू नुस्खे करेंगे काम
आयुष के नोडल अधिकारी व आयुर्वेदाचार्य डॉ. राजीव कपिला का कहना है कि मौजूदा समय में तापमान में उतार-चढ़ाव के कारण संक्रमण का खतरा बढ़ गया है। वायरल के साथ बैक्टीरियल संक्रमण तेजी से फैल रहे हैं। ऐसे में बचाव के साथ खान-पान पर भी ध्यान देने की जरूरत है। डॉ. राजीव ने बताया कि खांसी या जुकाम होने पर लौंग का सेवन करें। काली मिर्च को पीसकर इसे शहद के साथ मिलाकर दिन में 2 बार लें। खांसी-जुकाम में तुलसी व अदरक की चाय भी पी सकते हैं। शहद में अदरक की तीन चार बूंदें मिलाकर उसका सेवन करें। इससे भी आराम मिलेगा और संक्रमण का खतरा भी कम होगा। तुलसी, काली मिर्च और गुड़ का काढ़ा लें।
बच्चों के लिए ऐसा करें
बच्चों को संक्रमण से बचाने के लिए चार से पांच बूंद शहद में काली मिर्च मिलाकर दी जा सकती है। उनका पाचन ठीक रखने के लिए अजवाइन और सौंफ का अर्क देना फायदेमंद होगा।
इसका रखें ध्यान
- ठंडा पानी व आइसक्रीम का प्रयोग करने से बचें।
- धूप से आने पर एसी, कूलर न चलाएं।
- पानी उबालकर गुनगुना होने पर पीएं।
-घर में व आसपास सफाई पर ध्यान दें।
- खुले में मिल रहे कटे हुए फल व खाद्य सामग्री से बचें।
-बच्चों को सुबह, शाम व रात की ठंड से से बचाएं।
-सर्दी से बचने के लिए अभी गर्म कपड़ों का इस्तेमाल करें।