आरोपों की जांच करते जिला शिक्षा अधिकारी
मोगा के सरकारी हाई स्कूल घल्लकलां में आई नई मैथ टीचर की हाजिरी को लेकर अध्यापिका और कार्यकारी मुख्य अध्यापिका आमने-सामने हो गई। कार्यकारी मुख्य अध्यापिका ने नई अध्यापिका की स्कूल में हाजिरी (ज्वाइनिंग) रोकने के लिए छह विद्यार्थियों के नाम स्कूल से काट दिए गए। इसके चलते स्कूल कई घंटे तक कुरुक्षेत्र का मैदान बना रहा। कार्यकारी मुख्य अध्यापिका ने दफ्तर में तोड़फोड़ करने और डीईओ पर बदली कराने की धमकी देने का आरोप लगाया है।
जिला शिक्षा अफसर (सीनियर सेकेंडरी) गुरदर्शन सिंह बराड़ ने कहा कि गणित विषय की अध्यापिका शिवानी का फिरोजपुर से सरकारी हाई स्कूल, घल्लकलां में तबादला हुआ था। उन्होंने कहा कि जिस स्कूल में विद्यार्थियों की 90 से ज्यादा संख्या हो उस स्कूल में विभागीय नियमानुसार इस विषय के तीन अध्यापकों की तैनाती हो सकती है। उन्होंने कहा कि भविष्य में विद्यार्थियों की संख्या कम हो जाये तो नियमानुसार तीनों अध्यापकों में से सीनियर अध्यापक का तबादला संभव है।
इस स्कूल में नौवीं कक्षा के विद्यार्थियों की संख्या 90 से अधिक थी और पहले से यहां दो अध्यापक तैनात हैं। स्कूल की कार्यकारी मुख्य अध्यापिका राजिंदर कौर ने विद्यार्थियों की संख्या रिकॉर्ड में कम करने के लिए और नई अध्यापिका की जुवाइनिंग रोकने के लिए कई विद्यार्थियों के कक्षा में से नाम काट दिए हैं।
बराड़ ने बताया कि उन्होंने मैथ लेक्चरर राकेश अरोड़ा, साइंस मास्टर बखशिंदर सिंह खोसा और रमसा के कोऑर्डिनेटर दिलबाग सिंह के साथ स्कूल का दौरा कर मामले की पड़ताल की। इसके बाद जिन विद्यार्थियों का नाम स्कूल से काटा गया था, उनको फिर दाखिल करने के अलावा नई अध्यापिका शिवानी की स्कूल में जुवाइनिंग) करा दी है। उन्होंने यह भी कहा कि कार्यकारी मुख्य अध्यापिका राजिंदर कौर मामले की पड़ताल में शामिल नहीं हुईं और छुट्टी ले ली।