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होटल प्लाजा पर बकाया है चंडीगढ़ नगर निगम का 92.85 लाख का संपत्ति कर, वसूलने की तैयारी

Tue, 13 Oct 2020 09:54 AM IST
खुशबू गोयल नवदीप मिश्रा, चंडीगढ़

सार

  • साल 2004 से बकाया होने पर नगर निगम वसूलेगा टैक्स
  • जगत थियेटर को भी 59 लाख 92 हजार का नोटिस भेजा
  • प्रशासन को भी भेजा है 10 करोड़ 23 लाख का नोटिस
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टैक्स - फोटो : pixabay
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विस्तार
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चंडीगढ़ नगर निगम ने संपत्ति कर न जमा करने पर होटल जेम्स प्लाजा को 92.85 लाख रुपये का नोटिस भेजा है। इसके अलावा सेक्टर-17 स्थित जगत थियेटर को निगम ने 59 लाख 92 हजार रुपये का नोटिस दिया है। थियेटर संचालक ने 16 लाख रुपये जमा करा दिए हैं। अतिरिक्त आयुक्त अनिल गर्ग ने बताया कि साल 2004 से लेकर अब तक का संपत्ति कर न जमा करने वालों को नोटिस भेजना शुरू कर दिया गया है।
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होटल जेम्स प्लाजा ने इस साल का कर तो जमा करा दिया है, लेकिन पिछले वर्षों का बकाया है। वहीं, जगत थियेटर को 59 लाख 92 हजार रुपये का नोटिस भेजने के बाद 16 लाख रुपये जमा करा दिए गए हैं। उसके बाद निगम ने संशोधित नोटिस 42 लाख का जारी किया है। अन्य व्यावसायिक संस्थानों को भी नोटिस जारी कर संपत्ति कर भरने के लिए कहा जा रहा है।

प्रशासन को भी भेजा है 10 करोड़ 23 लाख का नोटिस
इससे पहले निगम ने प्रशासन को भी दस करोड़ 23 लाख रुपये का नोटिस जारी किया था। नगर निगम ने प्रशासन की 150 से ज्यादा सरकारी इमारतों को चिह्नित किया है। इसके साथ रोड विंग व बिजली विभाग को नोटिस जारी कर दिया है। इस सूची में साल 2004 से 31 मार्च 2021 तक सरकारी इमारतों की संपत्ति कर का ब्योरा लिखा गया है।
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सभी विभागों के अधिकारियों से कहा है कि जल्द टैक्स भर दें ताकि आगे की कार्रवाई से बचा जा सके। समय रहते इन इमारतों का टैक्स नहीं भरा गया तो सील करने की कार्रवाई की जाएगी। वहीं, निगम ने बिजली विभाग को 35 लाख रुपये का नोटिस भेजा है।
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2020-21 के लिए रखा है 54 करोड़ का लक्ष्य

नगर निगम हर साल व्यावसायिक और आवासीय कर से 50 करोड़ से ज्यादा की कमाई करता है। साल 2020-21 सत्र के लिए नगर निगम ने 54 करोड़ रुपये का लक्ष्य रखा है। निगम के अधिकारियों ने बताया कि अगस्त माह में सेल्फ असेसमेंट स्कीम का लाभ शहर के लोगों को दिया था, इसलिए अब निजी भवनों व दुकानों को भी नोटिस भेजने की प्रक्रिया शुरू हो गई है।

अब टैक्स जमा करवाने पर ब्याज के अलावा जुर्माना भी लग रहा है। पिछले साल भी नगर निगम ने प्रशासन की कुल 214 इमारतों को नोटिस भेजा था, जिनसे 44 करोड़ रुपये की वसूली करनी थी। नगर निगम में इनमें से काफी राशि आ गई थी।

सभी व्यावसायिक और आवासीय कर दाताओं को समय दिया गया था। समय सीमा में कर जमा न करने वालों को नोटिस भेजा जा रहा है।
- अनिल गर्ग, अतिरिक्त आयुक्त
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