एडवर्टीजमेंट कंट्रोल ऑर्डर के तहत तारा ज्वैलर को भेजे 72 लाख रुपये के नोटिस पर नगर निगम में खुद ही उलझन मची हुई है।
निगम अधिकारी जहां उक्त ज्वैलर से पूरा जुर्माना वसूलने की तैयारी में है, वहीं पार्षद निगम अफसरों का विरोध कर रहे हैं।
इतना ही सीनियर डिप्टी मेयर हीरा नेगी और पार्षद देशराज गुप्ता ने तो निगम के ज्वाइंट कमिश्नर राजीव गुप्ता से ज्वैलर के जुर्माने को कम करने के लिए लिखित मांग भी की है।
निगम ने ज्वैलर को 72 लाख रुपये का नोटिस दिया था। उन्होंने शोरूम के बाहर निगम की इजाजत के बिना बड़े-बड़े होर्डिंग्स लगा रखे थे।
निगम ने ज्वैलर पर 6 महीने का एक साथ जुर्माना ठोक दिया था। अब शोरूम मालिकों को यह साबित करना होगा कि उन्होंने होर्डिंग्स कब लगाए थे, उसके बाद ही उनका जुर्माना कम होगा।
ये है मामला
16 जनवरी को नगर निगम ने मनीमाजरा में इनक्रोचमेंट ड्राइव चलाई और वहां तारा ज्वैलर्स के बाहर लगे बड़े-बड़े होर्डिंग्स उतरवाए। होर्डिंग्स लगाने पर निगम ने ज्वैलर्स को 72 लाख रुपये का जुर्माना लगा दिया।
अब ज्वैलर्स का कहना था कि उनके शोरूम का उद्घाटन ही 16 जनवरी को हुआ था और एक दिन पहले ही उन्होंने होर्डिंग्स लगाए थे। जबकि नगर निगम ने उन्हें जुर्माना 6 महीने का एक साथ लगा दिया। उनके उद्घाटन समारोह में सीनियर डिप्टी मेयर हीरा नेगी और पार्षद देशराज गुप्ता भी मौजूद थे।
तारा ज्वैलर्स ने अभी तक हमें कोई सॉलिड प्रूव नहीं दिए हैं जिसके आधार पर हम उनका जुर्माना माफ करें। ऐसी स्थिति में उन्हें पूरा ही जुर्माना अदा करना पड़ेगा।
राजीव गुप्ता, ज्वाइंट कमिश्नर नगर निगम
हमने खुद ज्वाइंट कमिश्नर को लिखकर दिया है कि ज्वैलर्स ने उद्घाटन से एक दिन पहले ही होर्डिंग्स लगाए थे। निगम अफसर अपनी मनमानी कर रहे हैं।
हीरा नेगी, सीनियर डिप्टी मेयर
इनफोर्समेंट विंग से पूछकर लगाए थे होर्डिंग्स
इस मामले में सीनियर डिप्टी मेयर हीरा नेगी ने कहा कि इनफोर्समेंट विंग से पूछकर ही ज्वैलर्स ने अपने यहां होर्डिंग्स लगवाए थे। नेगी ने कहा कि उनकी खुद इनफोर्समेंट विंग से होर्डिंग्स लगाने के संबंध में बात हुई थी। फिर भी इनफोर्समेंट विंग ने जानबूझकर होर्डिंग्स उतरवाए और ज्वैलर्स पर इतना बड़ा जुर्माना लगा दिया।