गूगल ब्वॉय के बाद अब समालखा की वंडर गर्ल जान्हवी न्यूज चैनल पर छाई हुई है। समालखा की इस वंडर गर्ल की आयु केवल दस वर्ष है, लेकिन उसकी प्रतिभा देखकर कोई भी कह सकता है कि इसे आयु के बंधन में नहीं बांधा जा सकता।
दस साल की आयु में ही दसवीं कक्षा तक भी पहुंच गई। कई न्यूज चैनल पर उसके इंटरव्यू ने उनके एंकर सहित विशेषज्ञ टीम को भी हतप्रभ कर दिया है।
आशादीप वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, पावटी में दसवीं कक्षा में पढ़ने वाली दस वर्ष की जान्हवी ने बुधवार को स्कूल की ओर से आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में पत्रकारों के सवालों के फर्राटेदार ढंग से जवाब दिए।
उसकी प्रतिभा का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि छोटी सी उम्र में ही वह फर्राटेदार ब्रिटिश व अमेरिकन इंग्लिश बोलती है। इसके अतिरिक्त फ्रैंच भाषा का भी उसे ज्ञान है।
सामान्य ज्ञान में भी उसका कोई सानी नहीं है। वह पैंतीस विषयों पर सामान्य ज्ञान के प्रश्नों के जवाब दे सकती है। इसके अलाव पचास सेकेंड में विज्ञान की पीरिओडिक टेबल सुना सकती है।
वह बारहवीं कक्षा के बच्चों को पढ़ा सकती है। अपनी इस सफलता का श्रेय वह अपने शिक्षक पिता और माता को देती है।
जान्हवी ने बताया कि उसने ब्रिटिश और अमेरिकन इंग्लिश के लिए कहीं से कोई ट्यूशन नहीं ली और केवल इंटरनेट पर इससे संबंधित वीडियो क्लिपिंग से ही उसने सब कुछ सीखा है।
उसने बताया कि उसका उद्देश्य आईएएस और आईएफएस बनकर देश की सेवा करना है। उसका कहना है कि हिंदी हमारी मातृभाषा है। इसके साथ ही जीवन में आगे बढ़ने के लिए इंग्लिश का ज्ञान होना भी आवश्यक है। वर्तमान में इंग्लिश एक देश की भाषा ना रहकर अंतरराष्ट्रीय भाषा बन गई है।
सात वर्ष से शुरू की एंकरिंग
जान्हवी ने साढे़ तीन वर्ष की आयु में आशादीप सीनियर सेकेंडरी स्कूल में सीधा यूकेजी कक्षा में प्रवेश लिया था। उसके बाद धीरे-धीरे अपनी प्रतिभा से शिक्षकों को प्रभावित करना शुरू कर दिया। मात्र तीन वर्ष की आयु में उसने स्कूल के वार्षिक उत्सव में इंग्लिश में मंच संचालन करते दर्शकों को प्रभावित किया था।
पेशे से राजकीय शिक्षक जान्हवी के पिता बृजमोहन का कहना है कि राष्ट्रीय समाचार चैनल पर उनकी बेटी ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर उन्हें गौरवान्वित किया है। यह उसकी सफलता की पहली सीढ़ी है। उनकी इच्छा है कि जाह्नवी अपने आईएएस के सपने को साकार करते हुए देश की सेवा करे।
उन्होंने कहा कि उच्च शिक्षा में आगे बढ़ने के लिए सरकार एजूकेशन से संबंधित सहयोग करे तो एक दिन वह पूरे देश का नाम रोशन कर सकेगी।
जान्हवी का विभिन्न न्यूज चैनल पर आए इंटरव्यू से उसकी प्रतिभा को पूरा देश पहचान चुका है और इसके चलते आशादीप सीनियर सेकेंडरी स्कूल, पावटी में भी खुशी का माहौल है। संस्थान के चेयरमैन डॉ. देवेंद्र आर्य ने कहा कि उसने पूरे देश में उनका नाम रोशन किया है। प्रतिभा सभी के अंदर होती है लेकिन अभिभावक उसे पहचान नहीं पाते।
जो पहचान जाते हैं तो वह जान्हवी जैसे सफल हो जाते हैं। उन्होंने कहा कि उसको स्कूल में निशुल्क शिक्षा दी जा रही है और जो भी सहयोग होगा वह संस्थान द्वारा किया जाएगा।
जल्द ही एक सम्मान समारोह आयोजित कर जान्हवी को सम्मानित किया जाएगा। इस अवसर पर नीरज आर्या, सुनील वत्स, सतीश, नरेंद्र, दीपेंद्र, जगमेंद्र और अशोक उपस्थित थे।