उनके मुताबिक खेर ने चुनाव आचार संहिता के क्लॉज- 2 को भंग किया है। इस क्लाज के मुताबिक यदि आलोचना करनी है तो पार्टी की नीतियों और प्रोग्राम की करें न कि निजी जिंदगी की। जो आरोप सिद्ध न हुआ हो उसका हवाला देना भी उल्लंघन की श्रेणी में आता है। किरण खेर ने इसी क्लॉज का उल्लंघन किया है।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि किरण खेर ने रेलगेट शब्द का इस्तेमाल पवन बंसल को बदनाम करने के मकसद से किया है, जबकि जांच एजेंसियों ने बंसल को क्लीन चिट दे दी है। इस मामले में री-इनवेस्टीगेशन की मांग भी रद्द कर दी गई है। लोगों को भ्रमित करने के मकसद से रेलगेट का इस्तेमाल किया गया है।
मॉडल कोड आफ कंडक्ट कमेटी के इंचार्ज अनिल गर्ग ने पुष्टि करते हुए कहा है कि खेर को नोटिस भेजा गया है। साथ ही इसका 24 घंटे के भीतर जवाब देने को कहा गया है। इसकी एक प्रति डीसी व एडिशनल चीफ इलेक्टोरल अफसर मनदीप सिंह बराड़ के पास भेजी है।