रिमांड के दौरान उसके नाम का खुलासा जीरकपुर शिवालिक एनक्लेव में रहने वाले जिम मालिक गुरसेवक उर्फ गुरी ने किया था। गुरी क्राइम ब्रांच के पास 5 दिन के पुलिस रिमांड पर है। टीम अब करण को रविवार को ड्यूटी मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश कर उसका रिमांड हासिल करेगी।
जीरकपुर पुल के पास हुई अन्य शूटरों से मुलाकात
गैंगस्टर दीपू और करण दोनों की लगातार बातचीत चल रही थी। 30 मई को दीपू ने उसे सेक्टर-33 में फायरिंग करने का काम सौंपा। इसके अगले दिन रविवार शाम को वह जीरकपुर पुल के पास कार में अन्य चार शूटरों से मिला। इसके बाद सभी बदमाश सेक्टर-33 में फायरिंग कर अलग-अलग जगहों में छुप गए।
करण ने की थी 5 से 6 राउंड फायरिंग
करण के पिता लुधियाना स्थित प्राइवेट ट्रैक्टर कंपनी में दस हजार रुपये महीने पर नौकरी करते हैं। करण की एक बहन शादीशुदा है जबकि मां हाउसवाइफ हैं। पूछताछ में सामने आया है कि फायरिंग के लिए करण की 10 हजार रुपये की डील हुई थी और यह रकम भी अभी उसे नहीं मिली है। सूत्रों के अनुसार, करण ने 5 से 6 राउंड फायरिंग की थी।
क्राइम ब्रांच शनिवार को अंबाला जेल में बंद गैंगस्टर दीपू को प्रोडक्शन वारंट पर लाना चाहती थी लेकिन अब उसे सेक्टर 34 थाना पुलिस 9 जून को प्रोडक्शन वारंट पर चंडीगढ़ लेकर आएगी। पुलिस का कहना है कि दीपू के आने पर सभी आरोपियों से आमने-सामने बैठाकर पूछताछ की जाएगी, जिससे साफ हो जाएगा कि अरविंद सिंगला के घर पर गोलियां क्यों बरसाई गई थीं।
अब तक हो चुकी हैं तीन गिरफ्तारियां
सेक्टर-33 में वारदात के बाद से क्राइम ब्रांच और थाना पुलिस ने अब तक तीन बदमाशों को गिरफ्तार कर चुकी है। इनमें जीरकपुर निवासी जिम मालिक गुरसेवक उर्फ गुरी को आईटी पार्क के पास से गाड़ी के साथ गिरफ्तार किया गया था जबकि 34 थाना पुलिस ने सारंगपुर निवासी कुलविंदर सिंह उर्फ काला को सेक्टर 34 से उसकी सियाज कार और 80 कारतूस के साथ दबोचा था। दोनों आरोपी 5-5 दिन के पुलिस रिमांड पर हैं।
सेक्टर-9 फायरिंग मामला अब तक अनसुलझा
बीते मंगलवार सेक्टर-9 स्थित पुलिस मुख्यालय से महज दो सौ मीटर की दूरी पर स्थित शराब ठेके पर ताबड़तोड़ फायरिंग के मामले में केस अभी तक अनसुलझा है। पुलिस को बदमाशों का कुछ खास लीड नहीं मिल सकी है। पुलिस ने शक के आधार पर कुछ लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। वहीं पुलिस का दावा है कि जल्द ही केस को सुलझा लिया जाएगा