पंजाब भाजपा अध्यक्ष कमल शर्मा ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की ओर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति प्रयोग किए गए शब्दों पर आपत्ति जताई है।
उन्होंने केजरीवाल के इस व्यवहार को मानसिक संतुलन बिगड़ने की निशानी बताया है। मांग की है कि केजरीवाल बिना देरी के इसके लिए माफी मांगें।
यहां जारी एक बयान में शर्मा ने कहा कि सीबीआई स्पष्ट कर चुकी है कि छापे दिल्ली सरकार के खिलाफ नहीं, बल्कि मुख्यमंत्री कार्यालय में बैठने वाले एक सचिव स्तर के आईएएस अधिकारी के खिलाफ थे। उस अधिकारी पर भ्रष्टाचार के संगीन आरोप हैं।
कमल शर्मा ने केजरीवाल के उस दावे को हास्यास्पद बताया, जिसमें उन्होंने दावा किया है कि सीबीआई ने दिल्ली जिला क्रिकेट एसोसिएशन (डीडीसीए) के कथित घोटाले से जुड़ी फाइलें गायब करने के लिए छापामारी की, ताकि केंद्रीय मंत्री अरुण जेतली को बचाया जा सके।
कमल ने कहा कि डीडीसीए का मामला दिल्ली सरकार के नहीं, बल्कि केंद्र के अधिकार क्षेत्र में आता है। इसीलिए इससे जुड़ी फाइलें दिल्ली के मुख्यमंत्री कार्यालय में हो ही नहीं सकतीं।
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष कमल शर्मा ने प्रश्न किया है कि एक तरफ तो केजरीवाल भ्रष्टाचार मुक्त प्रशासन की बात करते हैं, वहीं दूसरी ओर भ्रष्टाचार के आरोपी अधिकारी पर की जाने वाली कार्रवाही को लेकर अनावश्यक हो-हल्ला मचा रहे हैं?