प्रेमी जोडे़ को शादी करना उस समय महंगा पड़ गया जब जज द्वारा लड़की से उसकी उम्र पूछी गई। जैसे ही लड़की ने कहा कि वह नाबालिग है तो उक्त लड़के के पैरों तले जमीन खिसक गई।
नाबालिग की उम्र सामने आते ही लड़के ने न्यायालय से भागने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने तत्परता दिखाकर उसे पकड़ लिया और जज के सामने पेश किया। जहां जज द्वारा लड़के को नाबालिग से शादी करने के चक्कर में गिरफ्तार कर मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं। वहीं नाबालिग का मेडिकल एलएनजेपी में हुआ।
बताना जरूरी है कि लाडवा थाने के एसआई जरनैल सिंह ने बताया कि 17 जून 2015 को लाडवा से नाबालिग लड़की को बहला-फुसला कर जींद जिले का एक लड़का शादी का झांसा देकर अपने साथ ले गया था। इसके बाद बुधवार 24 जून 2015 को ये दोनों कुरुक्षेत्र के न्यायालय में शादी करने आए और जज के सामने पेश हुए।
जब जज ने लड़की की उम्र पता की तो नाबालिग का मामला प्रकाश में आया। इससे पहले लड़की के परिवार जन द्वारा नाबालिग की गुमशुदगी की रिपोर्ट भी दर्ज कराई गई और अपने स्तर पर भी नाबालिग को ढूंढने का प्रयास किया गया, लेकिन रिश्तेदारों के यहां ढूंढने पर भी नाबालिग का कोई सुराग नहीं लग सका।
दूसरे मामले में पिपली थाने क्षेत्र की एक नाबालिग को शादी का झांसा देकर भगा ले जाने का मामला आया है। मामले की जांच कर रहे सीआईए टू स्टाफ के इंचार्ज केवल सिंह ने बताया कि नाबालिग व लड़का 19 जून 2015 को घर से शादी के चक्कर में भाग गए थे।
यह मामला सदर थाना का था, लेकिन नाबालिग के परिजनों ने 22 जून 2015 को सदर थाने में आकर रोष व्यक्त किया था। जिसके चलते यह मामला सीआईए टू पर चला गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए सीआईए टू ने दो दिनों में ही प्रेमी जोडे़ को कुरुक्षेत्र के गांव से पकड़ लिया।
उन्होंने बताया कि नाबालिग का एलएनजेपी में मेडिकल करवाकर उसे उसके परिजनों को सौंप दिया है और लड़के को नाबालिग को भगा ले जाने को लेकर एक दिन के रिमांड पर लिया गया है।
जज के आदेश पर हुआ मेडिकल
लाडवा थाने के मामले में नाबालिग का मेडिकल जज के आदेश पर हुआ। उक्त मामले में जब जज को यह पता चला लड़की नाबालिग है तो जज ने पुलिस को नाबालिग का मेडिकल कराने का आदेश दिया। वहीं पुलिस ने नाबालिग का मेडिकल एलएनजेपी अस्पताल में कराया है।
परिजनों के रोष व्यक्त करने पर जागा पुलिस प्रशासन
घर से गायब नाबालिग के मामले में परिवार जन द्वारा सदर थाने में रोष प्रकट किए जाने के बाद ही यह मामला सीआईएटू विभाग को दिया गया। परिवार जनों के प्रेशर के चलते ही प्रेमी जोडे़ को दो दिन में ही ट्रेस कर लिया।