एक महिला और दो मासूम बच्चियों के शव नहर से मिले। तलाशी के दौरान पुलिस को एक सुसाइड नोट भी मिला, जिससे उनकी पहचान हुई। घटना हरियाणा के जींद की है। तीनों के शव हिसार की तीन अलग-अलग नहरों से बरामद हुए।
सुसाइड नोट में महिला ने बेटियों के साथ अपनी मौत के लिए खुद को जिम्मेदार बताया है। पुलिस ने सुसाइड नोट को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। मां व एक बेटी के शव को हिसार और दूसरी बेटी के शव को पोस्टमार्टम के लिए हांसी भेजा गया है।
सुसाइड नोट से हुई पहचान
खरकड़ा गांव के पास सुरबरा माइनर से महिला के शव के साथ मिले सुसाइड नोट से महिला की पहचान हुई। इसके बाद ही पूर्वी व प्राची की पहचान संभव हो पाई।
दवाई लेने के लिए निकली थी, वापिस नहीं लौटी
नदी में डूबना
जानकारी के अनुसार हिसार के गांव बगला निवासी सुमेस्ता की शादी वर्ष 2011 में जींद जिले के गांव सुदकैन कलां निवासी संदीप के साथ हुई थी। 20 जनवरी को वह अपनी दो बेटियों डेढ़ वर्षीय पूर्वी और तीन वर्षीय प्रांची के साथ दवाई लेने के बहाने से घर से निकली, लेकिन वापस नहीं लौटी।
बाद में परिजनों ने नरवाना सदर थाना में तीनों की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवाई। बुधवार को हिसार के बरवाला कस्बे खरकड़ा गांव के पास सुमेस्ता का शव सुरबरा माइनर में मिला, जबकि पूर्वी का शव हिसार के गांव सातरोड के पास बालसमंद माइनर से मिला।
सूचना मिलने के बाद हिसार नागरिक अस्पताल पहुंचे परिजनों ने दोनों शवों की पहचान की। इसी बीच देर शाम बड़ी बेटी प्राची का शव थुराना गांव के पास हांसी माइनर में मिला।
सुमेस्ता के पास मिले सुसाइड नोट में उसने अपनी मौत के लिए खुद को ही जिम्मेदार बताया है। सुमेस्ता के मायके व ससुराल पक्ष दोनों का कहना है कि उसने यह कदम क्यों उठाया, वे खुद भी समझ नहीं पा रहे हैं। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
- रमेश कुमार, थाना प्रभारी, सदर नरवाना