ट्रेन कब चलेगी, बस कब चलेंगी, जाम खुला या नहीं...। इस तरह के सवाल हर 4 से 5 मिनट बाद हेल्पलाइन नंबर-1077 पर पूछे जा रहे हैं। चंडीगढ़ में फंसे लोगों को अपने घर जाने का इंतजार है। वहीं सोमवार को आपदा विभाग के वालंटियर्स ने चंडीगढ़ में फंसे 1600 से अधिक लोगों की मदद की।
हरियाणा में जाट आरक्षण आंदोलन की वजह से बहुत से लोग अब भी चंडीगढ़ में फंसे हैं। जो धर्मशालाओं, होटलों और अन्य स्थानों पर शरण लिए हुए हैं। हेल्पलाइन नंबर-1077 आपदा प्रबंधन विभाग ने रविवार को ही शुरू किया था।
नंबर शुरू होने के बाद से लगातार फोन घनघना रहे हैं। सोमवार को 200 से अधिक कॉल्स हेल्पलाइन नंबर पर आईं। हर कोई यही पूछ रहा है कि ट्रेनें कब चलेंगी। जो स्पेशल ट्रेन चल रही है उसका रूट और समय क्या है। राष्ट्रीय राजमार्ग-1 खुला या नहीं। कुछ लोग ठहरने के लिए स्थान पूछ रहे हैं।
उन्हें पास लगती धर्मशालाओं या अन्य चयनित स्थानों की जानकारी दी जा रही है। इसके अलावा रेडक्रॉस सोसाइटी के वॉलंटियर्स ने आईएसबीटी-17, 43 और रेलवे स्टेशन पर ठहरे यात्रियों को चाय और खाद्य सामग्री वितरित की।
-संजीव कोहली, सीनियर सिविल डिफेंस इंस्पेक्टर, आपदा प्रबंधन विभाग ने बताया कि हेल्पलाइन पर लगातार कॉल्स आ रही हैं। लोगों को जरूरी जानकारी दी जा रही है। पब्लिक ट्रांसपोर्ट संबंधी अपडेट भी बता रहे हैं। रविवार रात के मुकाबले सोमवार को हालात कुछ ठीक हैं। सोमवार को बहुत से फंसे लोग अपने घरों को रवाना हो गए। कोई भी व्यक्ति हेल्पलाइन पर फोन कर जरूरी जानकारी प्राप्त कर सकता है।