हरियाणा में बीते फरवरी माह में हुए जाट आरक्षण आंदोलन में कथित दागी पुलिस अधिकारियों के खिलाफ किसी भी समय कार्रवाई हो सकती है। गृह विभाग ने 17 पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए अपनी रिपोर्ट मुख्यमंत्री को भेज दी है। मुख्यमंत्री की ओर से हरी झंडी मिलने के बाद सरकार इन अधिकारियों पर कार्रवाई करेगी।
जाट आरक्षण आंदोलन में अधिकारियों की भूमिका की जांच करने वाली प्रकाश सिंह कमेटी ने मई माह में अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंपी थी। इस रिपोर्ट में प्रदेश के कुल 90 अधिकारियों व कर्मचारियों की भूमिका पर सवाल खडे़ किए गए थे। इनमें आंदोलन के दौरान विभिन्न जिलों में बतौर एसपी तैनात रहे पांच आईपीएस और उस समय बतौर डीएसपी तैनात रहे 12 एचपीएस अधिकारी शामिल हैं।
वर्तमान में इनमें से अधिकतर निलंबन की कार्रवाई झेल रहे हैं। प्रकाश कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर हरियाणा सरकार ने उक्त दागी अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया था। जिसका उन्होंने गत दिवस जवाब भी दे दिया था। मुख्यमंत्री मनोहरलाल खट्टर ने उक्त पुलिस अधिकारियों की ओर से दिए गए जवाब का अध्ययन करने के लिए गृह विभाग की एक कमेटी का गठन किया था, जिसने अपनी रिपोर्ट सौंप दी है।