कांग्रेस से निष्कासित पूर्व सांसद जगमीत बराड़ अब पंजाब में कांग्रेस और शिअद-भाजपा विरोधी ताकतों को एक प्लेटफॉर्म पर लाएंगे। बराड़ एक ऐसा महागठबंधन बनाने की तैयारी में हैं, जो विधानसभा चुनाव में जनता के लिए एक मजबूत विकल्प बन सके। बराड़ ने सोमवार को यहां अपने पहला पंजाब अभियान की एडवाइजरी कमेटी की पहली बैठक बुलाई। इसमें दो सौ से ज्यादा लोगों ने शिरकत की।
सिद्धू, गांधी और बैंस ब्रदर्स को साथ लेकर चलने पर जोर
बैठक के दौरान अलग सियासी पार्टी बनाने पर मंथन हुआ, लेकिन ज्यादातर लोगों का कहना था कि इससे पहले पैर मजबूत होने चाहिए। नहीं तो इस पार्टी का हाल भी मनप्रीत बादल की पीपुल्स पार्टी ऑफ पंजाब की तरह हो सकता है। आम आदमी पार्टी के साथ जाने पर विचार हुआ, जिसकी हिमायत टिकट के दावेदारों ने की, लेकिन इस प्रस्ताव का काफी लोगों विरोध कर दिया।
सबसे ज्यादा सहमति कांग्रेस-शिअद के खिलाफ एक महागठबंधन बनाने पर हुई। इसमें सीपीआई, सीपीएम, नवजोत सिद्धू, परगट सिंह, बैंस ब्रदर्स, सांसद डॉ. धरमवीर गांधी व हरमिंदर खालसा समेत ऐसे ही अन्य लोगों को साथ लेने का फैसला लिया गया। साथ ही इस संबंध में फैसले के सारे अधिकार बराड़ को दिए गए।
समझ सकते हैं नवजोत सिद्धू का दर्द : बराड़
नवजोत सिद्धू
- फोटो : फाइल फोटो
समझ सकते हैं नवजोत सिद्धू का दर्द : बराड़
बैठक के बाद प्रेसवार्ता के दौरान बराड़ ने कहा कि पंजाब में बड़ी संख्या में ऐसे लोग हैं, जो शिअद और कांग्रेस से नाराज या साइडलाइन हैं। समान विचारधारा वाले लोगों को एकजुट होना होगा, ताकि वोटों का बंटवारा न हो। फैसले के मुताबिक वह साफ छवि वाले लोगों की बड़ी टीम बनाने की कवायद शुरू करेंगे।
कहा कि वह नवजोत सिद्धू का दर्द समझ सकते हैं। वह सिद्धू को भी इस महागठबंधन में शामिल होने का निमंत्रण देते हैं। उन्होंने बताया कि 15 अगस्त को गांव सराभा में तमाम लहरों के वारिसों को साथ लेकर महागठबंधन बनाया जाएगा।
नई पार्टी बनाने केसवाल पर उन्होंने कहा कि यह विकल्प भी खुला है। 25 अगस्त को डेरा बाबा नानक से वह पंजाब परिक्रमा शुरू करेंगे, जो तीस सितंबर को सरदूलगढ़ में खत्म होगी। इस मौके डॉ. हरबंस लाल, विजय साथी व तरसेम जोधां भी मौजूद थे।
जल्द देंगे कैप्टन के विदेशी खातों के सबूत
कैप्टन अमरिंदर सिंह
- फोटो : file photo
जल्द देंगे कैप्टन के विदेशी खातों के सबूत
जगमीत बराड़ ने प्रेस कांफ्रेंस के दौरान कांग्रेस और शिअद पर जम कर हमला बोला, पर आप और भाजपा के प्रति उनका रुख नरम रहा। उन्होंने कहा कि जल्द ही वह स्विस बैंकों में कैप्टन अमरिंदर सिंह के 861 करोड़ रुपये का खुलासा दस्तावेजों केसाथ करेंगे।
उन्होंने कहा कि कैप्टन एसवाईएल पर इस्तीफेकी बात कर रहे हैं। उनके इस्तीफेसे क्या एसवाईएल मुद्दा हल हो जाएगा। वैसे भी वह तो मात्र तीन दिन ही लोक सभा गए हैं। बराड़ ने कैप्टन पर दलित नेताओं के शोषण का आरोप लगाया।
उन्होंने कहा कि कैप्टन ने शमशेर दूलो, महिंदर सिंह केपी की प्रधानगी नहीं चलने दी। चौधरी संतोख को अपनी कुर्सी बचाने को जद्दोजहद करनी पड़ी।