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चंडीगढ़ः फिरोजपुर रेंज के आईजी ढिल्लों की मुश्किलें बढ़ीं, लटक रही गिरफ्तारी की तलवार

Wed, 22 Aug 2018 09:41 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
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सीबीआई
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फिरोजपुर रेंज के आईजी गुरिंदर सिंह ढिल्लों की परेशानियां बढ़ सकती हैं। तीसरी बार भी समन भेजे जाने के बावजूद जांच के लिए सीबीआई के समक्ष पेश न होने पर उनकी गिरफ्तारी की संभावनाएं बढ़ गई हैं। इससे पहले दो बार समन भेजे जाने के बावजूद वह जांच ज्वाइन करने नहीं पहुंचे थे। इस पर सोमवार को सीबीआई ने तीसरी बार समन भेज आईजी ढिल्लों को मंगलवार शाम तक हर हाल में जांच ज्वाइन करने को कहा था।
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 इसके बावजूद वह मंगलवार शाम तक सीबीआई के समक्ष पेश नहीं हुए। सूत्रों के अनुसार सोमवार को सीबीआई ने आईजी फिरोजपुर रेंज गुरिंदर सिंह ढिल्लों को सीआरपीसी की धारा 160 के तहत तीसरी बार समन भेजा था।

इसके तहत ढिल्लों को मंगलवार शाम तक सीबीआई के सेक्टर-30 स्थित आफिस में पेश होने को कहा गया था। लेकिन, मंगलवार शाम तक ढिल्लों सीबीआई के समक्ष जांच के लिए नहीं पहुंचे। नियमों के तहत तीन बार समन भेजे जाने के बावजूद पेश न होने पर सीबीआई ढिल्लों के अदालत से नॉन बेलेबल वारंट जारी करवा सकती है। इसके बाद अब सीबीआई ढिल्लों को किसी भी वक्त गिरफ्तार कर सकती है।
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जिंदल के 164 के बयान करवाने की याचिका वापस ली
सीबीआई ने सतदेव जिंदल के धारा 164 के तहत मजिस्ट्रेट के समक्ष दर्ज होने वाले बयान संबंधी याचिका को मंगलवार वापस ले लिया। इससे पहले सीबीआई की ओर से जिंदल को सरकारी गवाह बनाते हुए उसके 164 के बयान दर्ज करवाए जाने थे, लेकिन सोमवार को जिंदल के परिजनों और जानकारों द्वारा सीबीआई कोर्ट में खूब हंगामा करने और सीबीआई पर जबरन बयान दर्ज करवाने के आरोप के बाद सीबीआई ने जिंदल के बयान दर्ज करवाने की याचिका वापस ले ली।

यह है मामला
सेवानिवृत्त एसएसपी शिव कुमार ने सीबीआई को शिकायत दी थी कि वर्ष 2012 में उन पर दर्ज केस खत्म हो गया था। लेकिन, केस फिर से खोलकर उन्हें फंसाने की साजिश रची जा रही थी। इसके लिए फिरोजपुर रेंज के आईजीपी गुरिंदर सिंह ढिल्लों के नेतृत्व में एक एसआईटी गठित की गई। एसआईटी ने उनके घर पर रेड कर कई दस्तावेज व अन्य चीजें कब्जे में ली। आरोप के अनुसार उनका केस कमजोर करने के लिए उनसे भारी-भरकम रिश्वत की डिमांड की गई। 

रिश्वत की पहली रकम पांच लाख रुपये उनसे चंडीगढ़ के सेक्टर-35 में ली गई। दूसरी किश्त में उनसे शेष दस लाख रुपये लुधियाना मंगवाए गए थे। लेकिन, सीबीआई ने यहां ट्रैप लगाकर दस लाख रुपये लेने पहुंचे बिचौलिए अशोक गोयल को दबोच लिया था। आरोपी के कब्जे से रिश्वत के उन्हीं नंबरों के नोट बरामद हुए, जो सीबीआई ने पटियाला विजिलेंस ब्यूरो से सेवानिवृत्त एसएसपी शिव कुमार को देकर ट्रैप लगाया था। 

रिश्वत की रकम को सील करने के बाद पुलिस ने आरोपी के घर पर सर्च की। यहां से सीबीआई को रिश्वत के वह पांच लाख रुपये बरामद हुए। यह पैसे आरोपी ने बीती नौ अगस्त को शिव कुमार से चंडीगढ़ के सेक्टर-35 में लिए थे। आईजीपी गुरिंदर सिंह ढिल्लों का नाम सामने आने पर सीबीआई ने उनके फिरोजपुर स्थित ऑफिस-कम-रेजिडेंस पर छापेमारी की। यहां से सीबीआई टीम के हाथ मामले से संबंधित वह दस्तावेज लगे, जिन्हें सेवानिवृत्त एसएसपी कुमार के घर से एसआईटी टीम ने सर्च कर कब्जे में लिया था।
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