चंडीगढ़। यूटी पुलिस विभाग ने अपने डीएसपी को दरकिनार कर दिल्ली के अधिकारियों को महत्वपूर्ण विंग का प्रभार दिया है। हैरानी की बात है कि ये तीनों अधिकारी अभी तक चंडीगढ़ भी नहीं पहुंचे हैं। सोमवार को एसएसपी (मुख्यालय) मनोज कुमार मीणा ने आदेश जारी किया। इनमें दिल्ली से आ रहे दानिप्स कैडर के दो डीएसपी समेत एक आईपीएस अधिकारी शामिल हैं। इन अधिकारियों को विभाग ने क्राइम बांच, ऑपरेशन सेल, पुलिस मुख्यालय समेत आर्थिक अपराध शाखा का अहम प्रभार दिया है।
वहीं, डीएसपी अमराओ सिंह को सिक्योरिटी मुख्यालय से वुमन एंड चाइल्ड सपोर्ट यूनिट व डीएसपी साइबर सेल रश्मि यादव को चंडीगढ़ पुलिस के आईटी प्रोजेक्ट का अतिरिक्त पदभार दिया गया है। वहीं, नाम न छापने की शर्त पर एक डीएसपी ने विभाग के इस आदेश पर अपना दर्द जताया है। कहा कि अक्सर विभाग उन्हें मुख्य विंग से वंचित रखता है, जबकि शहर के ऐसे कई डीएसपी हैं, जो इन विंग को संभालने में सक्षम हैं। बावजूद इसके विभाग या तो उन पर भरोसा नहीं करता या फिर कोई वजह है। अक्सर बाहर से आने वाले डीएसपी व आईपीएस को ही इन विंगों में मौका दिया जाता है और यहां के डीएसपी इंतजार करते रह जाते हैं, जबकि स्थानीय होने की वजह से शहर के बारे में वह अच्छे से वाकिफ होते हैं, लेकिन उन्हें इन विंग से वंचित रखकर यातायात, पुलिस लाइन, सिक्योरिटी विंग समेत साइड के विंग दे दिए जाते हैं। बता दें कि साउथ डिवीजन में एएसपी श्रुति अरोड़ा को छोड़कर ईस्ट व सेंट्रल डिवीजन का चार्ज चंडीगढ़ के डीएसपी के पास है।
इन अधिकारियों को मिले ये विंग
मनोज कुमार मीणा की ओर से जारी आदेश में एएसपी मृदुल को ऑपरेशन सेल का चार्ज दिया गया है, जबकि डीएसपी रजनीश को क्राइम व पुलिस मुख्यालय का चार्ज व डीएसपी नियति मित्तल को आर्थिक अपराध शाखा के अलावा सिक्योरिटी मुख्यालय में तैनात किया गया है। दूसरी ओर, विभाग में कई थानों के एसएचओ के तबादले की चर्चा चल रही है। सूत्रों के अनुसार, विभाग जल्द ही शहर के कई थानों के एसएचओ में फेरबदल कर सकता है। इसमें साउथ डिवीजन के अलावा सेंट्रल के थाने शामिल हैं।