गांव डरोली भाई में गर्भवती महिला की बुधवार की देर शाम संदिग्ध अवस्था में मौत होने के दो दिन बाद शुक्रवार को पति ने जहरीला पदार्थ निगल लिया। हालत बिगड़ने पर उसे मोगा के सिविल अस्पताल से फरीदकोट रेफर कर दिया गया।
थाना सदर के एएसआई अंग्रेज सिंह के अनुसार हरजिंदर सिंह निवासी डरोली भाई ने शुक्रवार की सुबह खेतों में जाकर किसी जहरीली वस्तु का सेवन कर लिया। उसे मोगा के सिविल अस्पताल से फरीदकोट रेफर कर दिया गया। पुलिस टीम फरीदकोट में हरजिंदर सिंह के बयान दर्ज करने के लिए रवाना हो चुकी है।
बुधवार को उसकी गर्भवती पत्नी छिंदरपाल कौर निवासी मोगा के सिविल अस्पताल में चेकअप करवाने के लिए आई थी। महिला डॉक्टर ने छिंदरपाल कौर को संक्रमण की शिकायत बताते हुए मेडिसन के डॉक्टर को चेक करवाने के लिए कहा था।
मेडिसन डॉक्टर ने उसे कुछ दवाएं सरकारी अस्पताल तो कुछ बाहर से लिखकर दी थी। छिंदरपाल कौर की सास परमजीत कौर के अनुसार बुधवार की शाम को जब छिंदरपाल कौर ने घर पर दवाई खाई तो उसकी हालत बिगड़ गई। छाती में दर्द होने समेत उसकी उल्टियां आने लगी।
छिंदरपाल कौर को सिविल अस्पताल मोगा लाया गया। वहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। परिवार वालों का आरोप था कि डॉक्टर की लापरवाही व गलत दवाई देने के कारण छिंदरपाल कौर की मौत हुई है। डीएसपी सिटी ने भरोसा दिया था कि तीन डॉक्टरों का पैनल बनाकर छिंदरपाल कौर के शव का पोस्टमार्टम करवाया।
बिसरा रिपोर्ट से सच सामने आ जाएगा और उसके बाद बनती कार्रवाई की जाएगी। अभी छिंदरपाल कौर के शव का अंतिम संस्कार करना ही था कि शुक्रवार की सुबह उसके पति हरजिंदर सिंह ने जहरीली वस्तु निगलकर खुदकुशी का प्रयास किया। छिंदरपाल की कोख में दो जुड़वा बच पल रहे थे।