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Punjab: हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार से पूछा- पंजाबी की अतिरिक्त परीक्षा पास करने की शर्त पर क्यों न लगा दें रोक?

Sat, 01 Apr 2023 01:08 AM IST
ajay kumar विवेक शर्मा, अमर उजाला, चंडीगढ़

सार

पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने अब याचिका पर पंजाब सरकार सहित अन्य को नोटिस जारी कर जवाब तलब कर लिया है। साथ ही पंजाब सरकार से पूछा है कि क्यों न इस अधिसूचना व संशोधन पर रोक लगा दी जाए।
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पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट। - फोटो : अमर उजाला
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पंजाब में सरकारी नौकरियों के लिए पंजाबी की अतिरिक्त परीक्षा पास करने की अनिवार्यता को लेकर जारी अधिसूचना को चुनौती देने वाली याचिका पर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार व अन्य को नोटिस जारी कर पूछा है कि क्यों न इस पर रोक लगा दी जाए। याचिका दाखिल करते हुए परविंदर सिंह व अन्य ने एडवोकेट विकास चतरथ के माध्यम से हाईकोर्ट को बताया कि पंजाब सरकार ने 12 अक्तूबर 2022 को ईटीटी के 5994 पद के लिए विज्ञापन जारी किया था। 

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योग्यता मानकों को पूरा करने के चलते याचिकाकर्ताओं ने भी इसके लिए आवेदन किया। 28 अक्तूबर 2022 को पंजाब सरकार ने पंजाब सिविल सर्विस नियम को संशोधित किया। इसके तहत पंजाबी की अतिरिक्त परीक्षा को सरकारी नौकरी के लिए अनिवार्य कर दिया गया। याची ने बताया कि पंजाब सरकार ने यह अधिसूचना जारी करते हुए आरक्षित वर्ग को कोई छूट नहीं दी है जो संविधान के प्रावधानों के खिलाफ है। ऐसे में इस शुद्धि पत्र को रद्द करने का आदेश दिया जाए और साथ ही भर्ती प्रक्रिया पर रोक लगाई जाए। इसके विकल्प में याची पक्ष को इस भर्ती में प्रोविजनल तौर पर शामिल करने का आदेश दिया जाए। हाईकोर्ट ने अब याचिका पर पंजाब सरकार सहित अन्य को नोटिस जारी कर जवाब तलब कर लिया है। साथ ही पंजाब सरकार से पूछा है कि क्यों न इस अधिसूचना व संशोधन पर रोक लगा दी जाए।

सिर्फ ग्रुप सी के लिए नियमों को अनिवार्य किया
इस नियम को केवल ग्रुप सी के लिए अनिवार्य किया गया है जबकि ग्रुप ए, बी व डी को लेकर यह मौन है। पंजाब सरकार ने इसके बाद 1 दिसंबर 2022 को एक शुद्धि पत्र जारी किया जिसके तहत 12 अक्तूबर को ईटीटी के 5994 पद भरने के लिए जारी विज्ञापन पर भी इसे लागू कर दिया गया। याची ने कहा कि इस प्रकार अधिसूचना को किसी पूर्व में जारी भर्ती पर लागू करना पूरी तरह से गलत है।

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