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मुसीबतः 10 राज्यों में थम गए 4100 रोडवेज बसों के पहिये, जानें कब तक चलेगी हड़ताल

Tue, 16 Oct 2018 09:06 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
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रोडवेज का चक्का जाम - फोटो : अमर उजाला
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हरियाणा सहित दस राज्यों में बुधवार रात बारह बजे तक रोडवेज बसों का चक्का जाम रहेगा। नौकरी पेशा लोग हड़ताल को मद्देनजर रखते हुए डयूटी के लिए समय पर घर से निकलें। हरियाणा रोडवेज कर्मचारी तालमेल कमेटी के आह्वान पर कर्मचारी सोमवार रात बारह बजे से हड़ताल पर चले गए। फरीदाबाद डिपो में सोमवार शाम चार बजे से ही हड़ताल शुरू हो गई। डिपो महाप्रबंधक के दस कर्मचारी नेताओं को निलंबित करने और यूनियन कार्यालयों को बेल्डिंग से सील कराने पर तय समय से पहले ही कर्मचारियों ने हड़ताल पर जाने का निर्णय लिया। 

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चक्का जाम के दौरान 41 सौ बसों के पहिए थमे रहेंगे। इस बार हड़ताल को लेकर सभी रोडवेज यूनियनें एकजुट हैं, जबकि सरकार समर्थित भारतीय मजदूर संघ ने हड़ताल से दूर रहने का निर्णय लिया है। हालांकि किलोमीटर स्कीम पर सात सौ बसें लाने के निर्णय का संघ भी विरोध कर रहा है। सरकार के बीच तनातनी किलोमीटर स्कीम को लेकर ही बनी हुई है। इसलिए चक्का जाम के दौरान टकराव तय माना जा रहा है। 

सरकार हर हाल में हड़ताल को विफल करने की तैयारी कर चुकी है। एस्मा के तहत हड़ताली कर्मचारियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। रोडवेज के डिपो व सब डिपो को छावनी में तब्दील किया जाएगा। सभी डिपो पर धारा-144 लागू होगी। सरकार कर्मचारियों के बसें न चलाने पर किराए के चालकों-परिचालकों से भी बस सेवा सुचारु करने की तैयारी कर चुकी है। 
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जिससे टकराव ज्यादा बढ़ सकता है। परिवहन विभाग के महानिदेशक नरहरि सिंह बांगड़ ने हड़ताल के बेअसर रहने का दावा किया है। हड़ताल के दौरान राजस्थान, दिल्ली, मध्यप्रदेश, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, जम्मू, उत्तराखंड, चंडीगढ़ में बस सेवा बाधित रहेगी। एक दिन की हड़ताल से लगभग चार करोड़ रुपये की चपत सरकार को लगने वाली है। अगर एस्मा के तहत लाठीचार्ज, निलंबन की कार्रवाई हुई तो कर्मचारी बेमियादी हड़ताल पर भी जा सकते हैं।

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haryana roadways
700 बसें किलोमीटर स्कीम के तहत चलाने को लेकर सरकार अडिग है। कर्मचारी विरोध में आंदोलन का झंडा बुलंद कर चुके हैं। सीएम मनोहर लाल ने कड़ा रुख अपनाते हुए साफ कर दिया है कि किलोमीटर स्कीम पर किसी तरह का समझौता नहीं होगा। कर्मचारियों की बाकि सभी मांगों पर सरकार वार्ता को तैयार है।

सरकार की वादाखिलाफी से हड़ताल : कमेटी
हरियाणा रोडवेज कर्मचारी तालमेल कमेटी के वरिष्ठ सदस्य इंद्र सिंह बधाना, हरिनारायण शर्मा, दलबीर किरमारा, विरेंद्र धनखड़, अनूप सहरावत, सरबत सिंह पूनिया, जयभगवान कादियान व बलवान सिंह दोदवा ने कहा कि कर्मचारी सरकार की वादाखिलाफी व 700 बसें निजी कंपनियों से किलोमीटर स्कीम पर हायर करने के विरोध में हड़ताल करने को मजबूर हुए हैं। 

कर्मचारी हड़ताल न कर सरकार से लगातार वार्ता की मांग करते रहे, लेकिन सरकार ने अड़ियल रवैया नहीं छोड़ा। तालमेल कमेटी ने चेतावनी दी है कि अगर सरकार ने समय रहते वार्ता कर सभी समस्याओं का समाधान नहीं किया व एस्मा के तहत किसी भी प्रकार की कार्रवाई की गई तो चक्का जाम अनिश्चितकालीन में बदल सकता है।
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