हरियाणा में पंचायती राज संस्थाओं के पांचवें आम चुनाव करवाने की मंगलवार को घोषणा के साथ, जिन क्षेत्रों में चुनाव होने हैं, उनमें मंगलवार से आदर्श चुनाव आचार संहिता लागू हो गई है।
राज्य की 21 जिला परिषद जिनमें सोनीपत, राई और मुरथल को शामिल नहीं किया गया, क्योंकि वहां वार्डबंदी का काम पूरा नहीं हुआ है। इनके अलावा 123 पंचायत समितियों के सदस्यों और 6197 ग्राम पंचायतों के चुनाव कराने का ऐलान राज्य चुनाव आयुक्त राजीव शर्मा ने मंगलवार को पंचकूला स्थित रेड बिशप में पत्रकार सम्मेलन को संबोधित करते हुए किया।
उन्होंने बताया कि बताया कि मतदान तीन चरणों में होगा। पहले चरण का मतदान आगामी 4 अक्तूबर को, दूसरे चरण का मतदान 11 अक्तूबर और तीसरे चरण का मतदान 18 अक्तूबर को करवाया जाएगा।
उन्होंने बताया कि पंचों व सरपंचों के पदों के लिए मतगणना का काम संबंधित मतदान केंद्रों पर ही पोलिंग खत्म होने के तुरंत बाद किया जाएगा और उसी दिन संबंधित पीठासीन अधिकारियों द्वारा परिणाम घोषित कर दिए जाएंगे, लेकिन पंचायत समिति व जिला परिषद के सदस्यों के लिए हुई पोलिंग के बाद मतगणना जिला उपायुक्त द्वारा निर्धारित केंद्रों पर 21 अक्तूबर को सुबह 8 बजे से की जाएगी।
21 अक्तूबर को ही परिणाम घोषित कर दिए जाएंगे। उन्होंने कहा कि पूरी चुनाव प्रक्रिया 31 अक्तूबर से पहले पूरी कर ली जाएगी। मतदाताओं के संबंध में पूछे गए प्रश्न पर राज्य चुनाव आयुक्त ने बताया कि इन चुनावों में कुल 1 करोड़ 10 लाख 9 हजार 317 मतदाता हैं, जिनमें 59 लाख 4 हजार 696 पुरुष और 51 लाख 4621 महिला मतदाता शामिल हैं। खास बात यह भी है कि ईवीएम में इस बार नोटा का बटन नहीं होगा।
उन्होंने बताया कि चुनावों में सामान्य पर्यवेक्षक व चुनाव खर्च पर्यवेक्षक भी नियुक्त किए जाएंगे। सामान्य पर्यवेक्षक आईएएस या हरियाणा सिविल सेवा के वरिष्ठ अधिकारी स्तर के अधिकारी होंगे, जबकि चुनाव खर्च पर्यवेक्षक आबकारी एवं कराधान विभाग के अधिकारियों को लगाया जाएगा।