हरियाणा की डबवाली विधानसभा सीट से चुनाव जीतीं नैना चौटाला के बारे में कई चौंकाने वाली बातें हैं, जिन्हें आप नहीं जानते होंगे। नैना चौटाला देश के पूर्व उपप्रधानमंत्री स्व. देवीलाल के परिवार से ताल्लुक रखती हैं।
देवीलाल के परिवार से पहली बार कोई महिला विधानसभा में पहुंची हैं। हलका डबवाली से पहली दफा चुनाव लड़ते हुए नैना चौटाला ने अपने चाचा ससुर व कांग्रेस प्रत्याशी डॉ. केवी सिंह को 8545 मतों से पराजित किया। नैना सिंह चौटाला को 68029 मत प्राप्त हुए, जबकि केवी सिंह को 59484 मत मिले।
पति जेल में, बेटा राजनीति में
चौटाला परिवार की इस बहु का कोई राजनीतिक बैकग्राउंड नहीं रहा। सक्रिय राजनीति में नैना चौटाला अपने बेटे दुष्यंत चौटाला के लोकसभा चुनाव में सक्रिय हुई थीं। पति डॉ. अजय सिंह चौटाला के जेल में होने के कारण नैना सिंह ने चुनावी मैदान में कदम रखा।
14 साल तक रहीं हॉस्टल की हेडगर्ल
बहुत कम लोग जानते होंगे कि नैना सिंह चौटाला का जन्म हिसार जिले के आदमपुर हलके के गांव दड़ौली में हुआ। उनके पिता का नाम भीम सिंह गोदारा और माता का नाम कांता देवी है।
उन्होंने पहली से सातवीं तक की शिक्षा हिसार के नूर निवास हाई स्कूल में प्राप्त की थी और इसके बाद उन्होंने एफसी स्कूल हिसार में दाखिला ले लिया।
दसवीं के बाद भी नैना सिंह ने एफसी कालेज में दाखिला ले लिया और यहीं से उन्होंने स्नातक की शिक्षा प्राप्त की। वह एफसी स्कूल से लेकर कालेज तक 14 वर्ष तक हॉस्टल की हेड गर्ल रहीं।
अच्छी निशानेबाज रही हैं नैना
पहली बार विधानसभा पहुंचीं देवीलाल परिवार की बहू नैना चौटाला अपने समय में अच्छी निशानेबाज भी रही हैं। शूटिंग में उन्होंने इंटर यूनिवर्सिटी में शूटिंग टीम का प्रतिनिधित्व किया था।
नैना ने राजनीति शास्त्र से एमए प्रथम वर्ष तक शिक्षा प्राप्त की है। वह कालेज में वह एनसीसी की कैडेट रही और कालेज की ओर से प्री आरडी कैंप (गणतंत्र दिवस समारोह परेड) में भाग लिया था।
नैना सिंह चौटाला ने बताया कि डबवाली हलका की समस्याओं को विधानसभा में जोरशोर से उठाऊंगी। मेरा मुख्य मुद्दा नारी उत्थान का रहेगा। हलका डबवाली में नारी शिक्षा की स्थिति काफी खराब है। इसके अतिरिक्त हलका डबवाली की अन्य समस्याओं को उठाकर हल करने का प्रयास करूंगी।